
भारतीय सेना की ऐतिहासिक पहल: झांसी में बनी भारत की पहली जियोथर्मल नेट ज़ीरो एनर्जी बिल्डिंग
भारतीय सेना ने झांसी में भारत की पहली जियोथर्मल नेट ज़ीरो एनर्जी बिल्डिंग तैयार की, जो सोलर और जियोथर्मल तकनीक से संचालित है।
भारतीय सेना की बड़ी उपलब्धि: झांसी में देश की पहली जियोथर्मल नेट ज़ीरो एनर्जी बिल्डिंग तैयार
भारतीय सेना ने सतत और पर्यावरण-अनुकूल बुनियादी ढांचे के क्षेत्र में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। सेना ने झांसी में भारत की पहली जियोथर्मल नेट ज़ीरो एनर्जी बिल्डिंग की परिकल्पना, डिज़ाइन और सफल क्रियान्वयन किया है।
यह अत्याधुनिक भवन 10 किलोवाट रूफटॉप सोलर पीवी सिस्टम और जियोथर्मल नेटवर्क के संयोजन से संचालित है। इस तकनीक में ज़मीन के भीतर स्थिर तापमान का उपयोग करने के लिए वर्टिकल क्लोज़्ड-लूप बोरहोल्स लगाए गए हैं, जिससे गर्मी और ठंडक की अत्यंत ऊर्जा-कुशल व्यवस्था संभव हो पाई है। यह प्रणाली मिश्रित जलवायु परिस्थितियों के अनुरूप अत्यधिक प्रभावी हीटिंग और कूलिंग प्रदान करती है।
भारतीय सेना के अनुसार यह परियोजना सेना की इन-हाउस तकनीकी क्षमता, उच्च तकनीक आधारित सोच, जलवायु-संवेदनशील निर्माण और आत्मनिर्भरता का उत्कृष्ट उदाहरण है। यह पहल ‘ईयर ऑफ टेक एब्जॉर्प्शन’ और ‘डिकेड ऑफ ट्रांसफॉर्मेशन’ की भावना को भी साकार करती है।
यह नवाचार न केवल ऊर्जा संरक्षण की दिशा में मील का पत्थर है, बल्कि भविष्य के सैन्य और नागरिक बुनियादी ढांचे के लिए भी एक प्रेरणास्रोत माना जा रहा है।











