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भोपाल में यासीन मछली के 50 पैडलर सक्रिय:टेलीग्राम पर कोडवर्ड से होती थी डील; गुर्गे ने बताया- दिल्ली-राजस्थान से लाई जाती है ड्रग्स भोपाल

भोपाल के हाईप्रोफाइल ड्रग तस्करी केस के मास्टरमाइंड यासीन अहमद उर्फ मछली के 15 गुर्गों की गिरफ्तारी क्राइम ब्रांच कर चुकी है। उसके बेहद करीबी अंशुल सिंह उर्फ भूरी को रिमांड खत्म होने के बाद 7 अगस्त को क्राइम ब्रांच ने जेल भेज दिया है।

उसने पूछताछ में पूरे नेटवर्क की अहम जानकारियां पुलिस को दी हैं। उसने बताया कि पब-क्लब में आने वाले युवक-युवतियों को यासीन ड्रग तस्करी के नेटवर्क में जोड़ता था।

ड्रग डीलिंग के लिए टेलीग्राम सहित अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स का इस्तेमाल सिखाता था। माल की डिलीवरी विश्वासपात्र ग्राहकों को ही दी जाती थी। ऑर्डर देने के लिए खास कोडवर्ड का इस्तेमाल किया जाता था।

पूरे शहर में यासीन के लिए 50 से अधिक लोग ड्रग तस्करी का काम कर रहे थे। यह लोग दिल्ली और राजस्थान से ड्रग लाने से लेकर भोपाल में खपाने तक का काम करते थे।

यासीन के खास अंशुल सिंह की निशानदेही पर तौफीक निजामी को 4 अगस्त को पकड़ा गया।
यासीन के खास अंशुल सिंह की निशानदेही पर तौफीक निजामी को 4 अगस्त को पकड़ा गया।

अलग-अलग पब और क्लब में सक्रिय हैं गुर्गे यासीन के गुर्गे शहर के अलग-अलग क्लब और पब में सक्रिय रहते हैं। यहां आने वाली युवतियों और युवकों में से ऐसे लोगों को टारगेट किया जाता था जो पहले से ही शराब या अन्य नशे के आदी हों।

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उनसे दोस्ती के बाद शुरुआती दिनों में फ्री ड्रग दिया जाता था। लत लगने पर इनसे एक डोज की कीमत 7 से 10 हजार रुपए तक की वसूली जाती थी।

हाल ही में क्राइम ब्रांच ने नशे से दूरी अभियान के तहत थाई महिला बेंचामत मून को पकड़ा है। जबकि एक नाइजीरियन ओराचोर को एक अन्य मामले में पकड़ा था।
हाल ही में क्राइम ब्रांच ने नशे से दूरी अभियान के तहत थाई महिला बेंचामत मून को पकड़ा है। जबकि एक नाइजीरियन ओराचोर को एक अन्य मामले में पकड़ा था।

विदेशी नागरिकों से ड्रग डील के सबूत मिले यासीन और अंशुल के मोबाइल फोन में नाइजीरियन युवकों से चैट्स मिले हैं। सभी चैट्स में ड्रग डीलिंग के संबंध में बात हैं। इससे पहले भी क्राइम ब्रांच एक नाइजीरियन की गिरफ्तारी कर चुकी है। दो अन्य नाइजीरियन को भी पहचान कर हिरासत में लेने की बात कह रही है।

छोटू अंसारी को क्राइम ब्रांच ने गिरफ्तार किया है।

फरारी में मदद करने वाला भी गिरफ्तार केस में ऐशबाग की सोनिया कॉलोनी में रहने वाला आरोपी सनव्वर फरार है। क्राइम ब्रांच ने उसके भाई शाकिर उर्फ छोटू अंसारी की गिरफ्तारी कर ली है। छोटू पर भाई की फरारी में मदद करने का आरोप है।

एडिशनल डीसीपी बोले- अब तक 14 गिरफ्तार एडिशनल डीसीपी शैलेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि पूरे केस में अब तक 14 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। हर रोज यासीन के गिरोह से जुड़े होने के संदेह में संदेहियों को बुलाकर पूछताछ की जा रही है।

अब तक 50 से अधिक लोगों से पूछताछ की जा चुकी है। साक्ष्य मिलने पर पूछताछ के बाद कई लोगों को गिरफ्तार किया है। राजस्थान से दिल्ली तक यासीन को ड्रग सप्लाई करने वालों की तलाश की जा रही है।

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