
टी.एस. सिंहदेव ने SIR प्रक्रिया पर उठाए सवाल, मतदाताओं के बीच जनसंपर्क
पूर्व उपमुख्यमंत्री टी.एस. सिंहदेव ने अम्बिकापुर के बूथ क्रमांक 128 में डोर-टू-डोर संपर्क कर मतदाताओं को SIR प्रक्रिया की जटिलताओं से अवगत कराया और इसे मतदाताओं पर अनावश्यक भार बताया।
मतदाता सूची पुनरीक्षण पर टी.एस. सिंहदेव का जनसंपर्क: “वैध साबित करने का भार मतदाताओं पर डालना गलत”
अम्बिकापुर। मतदाता सूचियों के गहन पुनरीक्षण (SIR प्रक्रिया) के प्रति मतदाताओं को जागरूक करने और उनकी सहायता के उद्देश्य से पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता टी.एस. सिंहदेव ने आज अपने मतदान केंद्र बूथ क्रमांक 128 के क्षेत्र में डोर-टू-डोर जनसंपर्क अभियान चलाया।
प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने हाल ही में निर्णय लिया था कि SIR प्रक्रिया के बारे में प्रशासनिक प्रचार-प्रसार के अभाव को देखते हुए सभी वरिष्ठ नेताओं को अपने-अपने बूथों पर मतदाताओं के बीच पहुँचकर सहायता करनी होगी। इसी कड़ी में सिंहदेव ने आज अम्बिकापुर विधानसभा के अंतर्गत लोगों से मुलाकात की।
मतदाताओं को फॉर्म भरने में हो रही दिक्कतें
जनसंपर्क के दौरान सिंहदेव ने बताया कि अधिकांश मतदाताओं को गणना प्रपत्र (Enumeration Form) तो मिल चुका है, लेकिन उसे भरने की प्रक्रिया को लेकर लोग भ्रम और जटिलताओं का सामना कर रहे हैं। उन्होंने कई मतदाताओं के फॉर्म स्वयं भरकर प्रक्रिया को सरल तरीके से समझाया।
सिंहदेव ने कहा—
“SIR प्रक्रिया में मतदाताओं पर खुद को वैध साबित करने का भार डालना पूरी तरह गलत है। जब 2025 की नवीनतम मतदाता सूची उपलब्ध थी, तो उसी पर दावा-आपत्ति लेकर शुद्ध सूची तैयार कर लेनी चाहिए थी। लेकिन अब मतदाताओं को 2003 की मतदाता सूची से अपना या अपने रिश्तेदारों का नाम खोजने के लिए मजबूर किया जा रहा है।”
कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं की रही उपस्थिति
जनसंपर्क के दौरान कांग्रेस जिलाध्यक्ष बालकृष्ण पाठक, अम्बिकापुर शहर ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष हेमंत सिंह, ग्रामीण अध्यक्ष विनय शर्मा, बूथ क्रमांक 128 के मंडल अध्यक्ष, बी.एल.ए. और बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।









