
महिलाओं की गरिमा पर खतरा: AI टूल से फोटो को अर्ध-नग्न बनाने के फीचर पर NCIB ने पीएम मोदी से लगाई रोक की मांग
AI तकनीक के दुरुपयोग पर गंभीर चिंता। NCIB Headquarters ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से ग्रोक प्लेटफॉर्म के उस फीचर पर तत्काल रोक लगाने की मांग की, जिससे महिलाओं की सामान्य तस्वीरों को आपत्तिजनक रूप में बदला जा सकता है।
नई दिल्ली। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक के बढ़ते दुरुपयोग को लेकर नेशनल साइबर इंटेलिजेंस ब्यूरो (NCIB) Headquarters ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर गंभीर चिंता जताई है। NCIB ने हाल ही में ग्रोक (Grok) प्लेटफॉर्म पर जोड़े गए एक फीचर पर तत्काल रोक लगाने की मांग की है, जिसके माध्यम से किसी भी महिला या लड़की की सामान्य तस्वीर को कुछ ही सेकंड में ब्रा-पेंटी, बिकनी या अन्य अर्ध-नग्न रूप में बदला जा सकता है।
NCIB के अनुसार, यह तकनीक इतनी सरल है कि किसी भी परिचित या अपरिचित महिला की सभ्य फोटो को उसकी इच्छा के विरुद्ध आपत्तिजनक रूप में बदला जा सकता है, जो महिलाओं की गरिमा, सम्मान और सुरक्षा के लिए एक गंभीर खतरा है।
पत्र में कहा गया है कि “नारी तू नारायणी” की भावना वाले देश में इस तरह की तकनीक का दुरुपयोग कर महिलाओं को बदनाम, मानसिक रूप से प्रताड़ित और ब्लैकमेल किया जा सकता है। इससे न केवल डिजिटल अपराध बढ़ेंगे, बल्कि गैर-जागरूक और अशिक्षित महिलाओं के साथ ब्लैकमेलिंग और यौन उत्पीड़न जैसी घटनाओं में भी वृद्धि होने की आशंका है।
NCIB ने चेतावनी दी है कि ऐसे AI टूल्स महिलाओं के प्रति समाज की सोच को नुकसान पहुंचा सकते हैं और साइबर अपराधों को नई दिशा दे सकते हैं। संगठन ने प्रधानमंत्री से राष्ट्रहित और महिलाओं के सम्मान की रक्षा के लिए इन फीचर्स पर तत्काल प्रतिबंध लगाने और इनके दुरुपयोग को रोकने हेतु कठोर दिशा-निर्देश व कानून बनाने का आग्रह किया है।










