
अंबिकापुर में मवेशी चोरी गिरोह का भंडाफोड़, 7 आरोपी गिरफ्तार, 30 लाख का मशरुका जप्त
अंबिकापुर में पुलिस ने संगठित मवेशी चोर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया। 6 रास मवेशी, 3 पिकअप वाहन और नकद राशि जप्त।
शहर में घूम-घूमकर मवेशी चोरी करने वाला संगठित गिरोह गिरफ्तार
7 आरोपी धराए, 6 रास मवेशी, 3 पिकअप वाहन और 12,750 रुपये नकद जप्त
अंबिकापुर। शहर में लगातार मवेशी चोरी की घटनाओं को अंजाम दे रहे एक संगठित मवेशी चोर गिरोह का थाना कोतवाली और साइबर सेल पुलिस की संयुक्त टीम ने खुलासा करते हुए 07 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 06 रास मवेशी, 12,750 रुपये नकद तथा घटना में प्रयुक्त 03 पिकअप वाहन जप्त किए हैं। जप्त मशरुका की कुल कीमत लगभग 30 लाख रुपये आंकी गई है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी रात के समय खुले में विचरण कर रहे या घरों के बाहर बंधे मवेशियों को चारपहिया वाहनों में लोड कर चोरी करते थे और बाद में उन्हें झारखंड के मवेशी बाजारों में बेच देते थे।
प्रकरण का खुलासा तब हुआ जब 04 जनवरी 2026 की रात करीब 11:30 बजे प्रार्थी ऋषिकेश मिश्रा, निवासी घुटरापारा, अंबिकापुर ने नमनाकला रिंग रोड पर तीन पिकअप वाहनों में जबरन मवेशियों को लोड करते हुए 6–7 लोगों को देखा। मवेशियों की चीख-पुकार सुनकर प्रार्थी को शक हुआ और उन्होंने दो पिकअप वाहनों के नंबर नोट कर पुलिस को सूचना दी।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि गिरफ्तार आरोपी थाना गांधीनगर और थाना कोतवाली में दर्ज पूर्व मवेशी चोरी के मामलों में भी शामिल रहे हैं।
आरोपी अजहर खान और जुनैद आलम के विरुद्ध पूर्व में भी गंभीर आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं, जिससे वे आदतन अपराधी पाए गए।
ये हैं गिरफ्तार आरोपी
- अजहर खान (22)
- शोएब शाह (23)
- जुनैद आलम (23)
- अफसार (25)
- तकिर खान (43)
- आदम शाह (30)
- रेफाज खान (26)
(सभी निवासी – साई टांगरटोली, चौकी लोदाम, थाना जशपुर)
पुलिस द्वारा आरोपियों से पूछताछ के बाद धारा 303(2) व 111 बीएनएस सहित अन्य धाराओं में अपराध पंजीबद्ध कर सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया है। मामले में आगे की जांच जारी है।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी कोतवाली शशिकांत सिन्हा, साइबर सेल प्रभारी एएसआई अजीत कुमार मिश्रा सहित सहायक उप निरीक्षक मनोज सिंह, सहायक उप निरीक्षक विवेक पाण्डेय, प्रधान आरक्षक अजय पांडे, प्रधान आरक्षक भोजराज पासवान, प्रधान आरक्षक विकास सिन्हा, प्रधान आरक्षक जयदीप सिंह, आरक्षक मनीष सिंह, राहुल केरकेट्टा, जीतेश साहू, नितिन सिन्हा, विवेक राय, अतुल सिंह, अमरेश दास, दीपक पाण्डेय कोतवाली व साइबर सेल की पूरी टीम की अहम भूमिका रही।











