
त्रिपुरा के अगरतला में असम राइफल्स और DRI की बड़ी कार्रवाई, ₹19 करोड़ का सोना और ₹2.87 करोड़ नकद जब्त
स्पीयर कॉर्प्स के तहत असम राइफल्स और राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) ने संयुक्त अभियान में त्रिपुरा के अगरतला से करीब 14 किलो सोना और ₹2.87 करोड़ नकद जब्त किया। बरामद सामग्री आगे की जांच के लिए DRI को सौंप दी गई है।
त्रिपुरा के अगरतला में असम राइफल्स और DRI की संयुक्त कार्रवाई, ₹19 करोड़ का सोना और ₹2.87 करोड़ नकद जब्त
अगरतला। पूर्वोत्तर भारत में तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए स्पीयर कॉर्प्स के अंतर्गत असम राइफल्स ने राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) के साथ संयुक्त अभियान में त्रिपुरा की राजधानी अगरतला से भारी मात्रा में सोना और नकदी जब्त की है। इस अभियान में करीब 14 किलोग्राम सोने के बिस्किट, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग ₹19 करोड़ बताई जा रही है, के साथ-साथ ₹2.87 करोड़ की भारतीय मुद्रा बरामद की गई है।
आधिकारिक जानकारी के अनुसार, यह संयुक्त ऑपरेशन खुफिया इनपुट के आधार पर अंजाम दिया गया। असम राइफल्स और DRI की टीम ने संदिग्ध गतिविधियों पर निगरानी रखते हुए अगरतला क्षेत्र में कार्रवाई की, जिसके दौरान यह बड़ी खेप पकड़ी गई। बरामद किए गए सोने के बिस्किट और नकद राशि को आगे की जांच के लिए DRI को सौंप दिया गया है।
सूत्रों का कहना है कि यह मामला अंतरराष्ट्रीय तस्करी नेटवर्क से जुड़ा हो सकता है, जिसकी जांच अब DRI द्वारा की जा रही है। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि जब्त किया गया सोना सीमा पार से अवैध रूप से भारत में लाया गया था और इसे आगे अन्य हिस्सों में खपाने की तैयारी थी। हालांकि, इस संबंध में विस्तृत जानकारी जांच पूरी होने के बाद ही सामने आ सकेगी।
असम राइफल्स, जिसे “पूर्वोत्तर की प्रहरी” के रूप में जाना जाता है, लगातार सीमा सुरक्षा और आंतरिक सुरक्षा से जुड़े अभियानों में सक्रिय भूमिका निभा रही है। स्पीयर कॉर्प्स के अंतर्गत यह बल न केवल उग्रवाद और अवैध गतिविधियों के खिलाफ कार्रवाई करता है, बल्कि तस्करी और संगठित अपराध पर भी कड़ी नजर रखता है।
रक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, इस तरह की संयुक्त कार्रवाइयां सुरक्षा एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय और प्रभावी खुफिया तंत्र को दर्शाती हैं। पूर्वोत्तर राज्यों में सोना, हथियार और मादक पदार्थों की तस्करी लंबे समय से एक गंभीर चुनौती रही है। ऐसे में असम राइफल्स और DRI की यह कार्रवाई तस्करी नेटवर्क पर करारा प्रहार मानी जा रही है।
स्थानीय प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने इस सफलता को क्षेत्रीय सुरक्षा के लिहाज से अहम बताया है। अधिकारियों का कहना है कि भविष्य में भी इस तरह के संयुक्त अभियानों के जरिए अवैध गतिविधियों पर सख्ती जारी रहेगी।
कुल मिलाकर, अगरतला में हुई यह कार्रवाई न केवल आर्थिक अपराधों के खिलाफ एक बड़ी सफलता है, बल्कि यह संदेश भी देती है कि देश की सुरक्षा एजेंसियां संगठित तस्करी के खिलाफ पूरी तरह सतर्क और सक्रिय हैं।









