
Budget 2026-27: स्कूली शिक्षा को रिकॉर्ड ₹83,562 करोड़, शिक्षा मंत्रालय का अब तक का सबसे बड़ा आवंटन
केंद्रीय बजट 2026-27 में स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग को ₹83,562 करोड़ का रिकॉर्ड आवंटन मिला। इन्फोग्राफिक में दिखी पिछले साल से बढ़ोतरी।
बजट 2026-27: स्कूली शिक्षा को अब तक का सबसे बड़ा बजट, DoSEL को ₹83,562 करोड़ का रिकॉर्ड आवंटन
नई दिल्ली। केंद्रीय बजट 2026-27 में स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग (Department of School Education and Literacy – DoSEL) को अब तक का सबसे अधिक ₹83,562 करोड़ का आवंटन मिला है। शिक्षा मंत्रालय द्वारा जारी आधिकारिक इन्फोग्राफिक के अनुसार, यह आवंटन पिछले वित्त वर्ष 2025-26 के ₹78,572 करोड़ की तुलना में उल्लेखनीय वृद्धि दर्शाता है।
शिक्षा मंत्रालय ने इसे शिक्षा क्षेत्र में सरकार की मजबूत और दीर्घकालिक प्रतिबद्धता बताया है। मंत्रालय का कहना है कि यह बढ़ा हुआ बजट राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) के मूल स्तंभों—पहुंच, समानता, गुणवत्ता, सामर्थ्य और जवाबदेही—को जमीनी स्तर पर लागू करने में अहम भूमिका निभाएगा।
इन्फोग्राफिक क्या दर्शाता है?
जारी ग्राफिक में स्पष्ट रूप से दिखाया गया है कि—
- BE 2025-26: ₹78,572 करोड़
- BE 2026-27: ₹83,562 करोड़
यानी स्कूली शिक्षा के बजट में लगातार वृद्धि दर्ज की गई है। इन्फोग्राफिक में स्कूली बच्चों की तस्वीरों के साथ यह संदेश दिया गया है कि यह बजट सीधे तौर पर छात्रों के भविष्य में निवेश है।
किन क्षेत्रों पर होगा फोकस
शिक्षा मंत्रालय के अनुसार, इस आवंटन का उपयोग—
- सरकारी स्कूलों के बुनियादी ढांचे के सुदृढ़ीकरण
- प्रारंभिक साक्षरता और संख्यात्मक ज्ञान (FLN)
- डिजिटल शिक्षा और स्मार्ट क्लास
- शिक्षकों के प्रशिक्षण एवं क्षमता निर्माण
- वंचित, ग्रामीण और आदिवासी क्षेत्रों में शिक्षा की पहुंच बढ़ाने
जैसे क्षेत्रों में किया जाएगा।
‘विकसित भारत’ की नींव
सरकार ने इस बजट को Viksit Bharat Budget 2026 की सोच से जोड़ते हुए कहा कि मजबूत स्कूली शिक्षा व्यवस्था ही कुशल मानव संसाधन, रोजगार और सामाजिक समानता की आधारशिला है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि इस रिकॉर्ड आवंटन का प्रभावी और पारदर्शी उपयोग किया गया, तो इसका लाभ करोड़ों विद्यार्थियों और शिक्षकों तक पहुंचेगा।











