बिजली उपभोक्ताओं को बड़ी राहत: मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना में मिली 55 हजार की छूट, अमानत राशि का भी हुआ भुगतान।






विद्युत उपभोक्ताओं को बड़ी राहत | अम्बिकापुर समाचार

file_000000000ae07206b6dd6cb6073112cd
WhatsApp Image 2026-03-12 at 6.47.26 PM (1)
c3bafc7d-8a11-4a77-be3b-4c82fa127c77 (1)


अम्बिकापुर/सूरजपुर
30 अप्रैल 2026

विद्युत उपभोक्ताओं को बड़ी राहत: समाधान योजना से बरसों पुराने बिल ‘निरंक’, फोरम ने विभाग को दी सख्त हिदायत

अम्बिकापुर: छत्तीसगढ़ शासन की जनकल्याणकारी नीतियों और विद्युत उपभोक्ता शिकायत निवारण फोरम की सक्रियता से जिले के उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिल रही है। फोरम की हालिया सुनवाई में न केवल वर्षों पुराने भारी-भरकम बिजली बिलों का निपटारा किया गया, बल्कि लंबित अमानत राशि (सिक्योरिटी डिपॉजिट) का भुगतान भी सुनिश्चित कराया गया है।

mantr
66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
केस स्टडी: 50 प्रतिशत से अधिक की छूट
सूरजपुर जिले के रामानुजनगर उपसंभाग में उपभोक्ता जगरनाथ राम का 90,144 रुपये का बिल लंबित था। ‘मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026’ के तहत सहायक यंत्री आशीष लकड़ा ने प्रकरण की समीक्षा की और उपभोक्ता को 55,530 रुपये की भारी छूट प्रदान की। छूट के बाद शेष 35,260 रुपये का भुगतान कर बिल को ‘निरंक’ कर दिया गया है। उपभोक्ता की पुत्रवधू रामबाई ने इस कार्यवाही पर संतोष जताया है।

अमानत राशि का भुगतान और विभाग को फटकार

अम्बिकापुर संभाग के जोन-तीन (जेल कॉलोनी) निवासी रमेश गिरी की एक वर्ष से लंबित अमानत राशि का भी निराकरण किया गया। फोरम के हस्तक्षेप के बाद विभाग ने 2,570 रुपये की राशि सीधे उपभोक्ता के भारतीय स्टेट बैंक खाते में हस्तांतरित की।

अमानत राशि भुगतान में हुए एक वर्ष के विलंब पर फोरम ने कड़ी नाराजगी जाहिर की है। सहायक यंत्री अभिनेष बंजारे की उपस्थिति में अधिकारियों को सख्त हिदायत दी गई कि भविष्य में उपभोक्ताओं से जुड़े कार्यों में समय-सीमा का कड़ाई से पालन किया जाए ताकि नागरिकों को मानसिक व आर्थिक परेशानी न हो।

योजना का लाभ लेने की अपील

विभागीय उच्च अधिकारियों ने अन्य बकायादार उपभोक्ताओं से भी ‘मुख्यमंत्री बिजली बिल भुगतान समाधान योजना 2026’ का लाभ लेने की अपील की है। विभाग का लक्ष्य है कि इस योजना के माध्यम से अधिक से अधिक ग्रामीण और मध्यम वर्गीय परिवार अपने पुराने बकाया बोझ से मुक्त हो सकें।