छत्तीसगढ़ की आस्था संकुल संगठन को राष्ट्रीय स्तर का आत्मनिर्भर संगठन पुरस्कार

रायपुर : छत्तीसगढ़ की आस्था संकुल संगठन को राष्ट्रीय स्तर का आत्मनिर्भर संगठन पुरस्कार

ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_14_44 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_53_50 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_08_26 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_16_13 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_22_41 PM

केन्द्रीय पंचायतीराज एवं ग्रामीण विकास मंत्री गिरिराज सिंह ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर नई दिल्ली में दिया पुरस्कार

पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री टी.एस. सिंहदेव ने संगठन की महिलाओं को बधाई और शुभकामनाएं दीं

’बिहान’ के अंतर्गत गठित आस्था संकुल संगठन की महिलाएं कृषि, सब्जी उत्पादन, सेनिटरी नैपकिन निर्माण, बैंक सखी और ई-रिक्शा संचालन जैसे काम कर रहीं

स्वसहायता समूह की महिलाओं ने खान-पान, पोषण, स्वास्थ्य एवं स्वच्छता से आजीविका की ओर बढ़ाए कदम

केन्द्रीय पंचायतीराज एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री गिरिराज सिंह ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस पर नई दिल्ली में दिया पुरस्कार

छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले के सोनेसरार की आस्था संकुल संगठन को उत्कृष्ट कार्य के लिए भारत सरकार द्वारा आत्मनिर्भर संगठन पुरस्कार-2022 से सम्मानित किया गया है। केन्द्रीय पंचायतीराज एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री गिरिराज सिंह ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित कार्यक्रम में संगठन को पुरस्कृत किया। उन्होंने आस्था संकुल संगठन को पुरस्कार स्वरूप एक लाख रूपए की राशि एवं प्रतीक चिन्ह प्रदान किया। पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री टी.एस. सिंहदेव ने इस उपलब्धि पर संगठन की महिलाओं को बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा कि यह पुरस्कार प्रदेश की सभी महिला सामुदायिक संगठनों को अच्छा कार्य करने के लिए प्रेरित करेगी। ‘बिहान’ से जुड़ी महिलाओं की इस उपलब्धि से पूरा राज्य गौरवान्वित हुआ है। छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) की संचालक श्रीमती इफ्फत आरा और राजनांदगांव के जिला मिशन प्रबंधक श्री पिनाकी डेसरकार भी नई दिल्ली में आयोजित पुरस्कार समारोह में मौजूद थे।

मुख्यमंत्री ने जिले को दी 81 करोड़ से अधिक की विकास कार्यां की सौगात।

66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
hotal trinetra
gaytri hospital
WhatsApp Image 2026-05-10 at 2.46.41 PM (1)
17a09f88-37fa-496a-8923-b0e0bac9f15d

डोंगरगांव विकासखंड के ग्राम सोनेसरार के आस्था संकुल संगठन से 17 ग्राम पंचायतों के 23 ग्राम संगठन और 443 स्वसहायता समूह जुड़े हैं। क्षेत्र की 4842 ग्रामीण महिलाएं संगठन की सदस्य हैं। आस्था संकुल संगठन ने खान-पान, पोषण, स्वास्थ्य एवं स्वच्छता से आजीविका की ओर कदम बढ़ाया है। संगठन ने क्षेत्र के 2300 परिवारों को किचन गार्डन के माध्यम से सब्जी उत्पादन के लिए प्रेरित किया है। इसके लिए 605 परिवारों को बाजार मूल्य से कम दर पर उन्नत सब्जी बीज उपलब्ध कराया गया है। संकुल क्षेत्र के अंतर्गत 2300 परिवारों द्वारा स्वयं के किचन गार्डन में 6500 क्विंटल से अधिक टमाटर, भिंडी, भाटा, करेला, लौकी, गोभी जैसी सब्जियों का जैविक पद्धति से उत्पादन किया गया है। घर के भोजन में इन सब्जियों के उपयोग के साथ ही किशोरी बालिकाओं, गर्भवती महिलाओं, नवविाहिताओं एवं दो वर्ष से कम उम्र के बच्चों के सुपोषण के लिए भी इन्हें उपलब्ध कराया गया है। इससे संकुल संगठन की महिलाओं को भी आर्थिक लाभ हुआ।

कर्मचारियों ने ढ़ोल-ताशे के साथ गुलाल लगाकर किया ख़ुशी का इज़हार।

आस्था संकुल संगठन के अंतर्गत सभी 443 स्वसहायता समूहों को चक्रीय निधि से 66 लाख 45 हजार रूपए, 261 समूहों को एक करोड़ 56 लाख 6 हजार रूपए का सामुदायिक निवेश निधि एवं 387 समूहों को 9 करोड़ 84 लाख रूपए का बैंक ऋण पिछले 3-4 वर्षों में उपलब्ध कराया गया है। संकुल संगठन के अंतर्गत स्वसहायता समूहों के सदस्य विभिन्न आजीविकामूलक गतिविधियों से अपना जीवन स्तर ऊंचा उठा रहे हैं। संगठन की महिलाएं संवहनीय कृषि, सब्जी उत्पादन, सेनिटरी नैपकिन निर्माण, बैंक सखी और ई-रिक्शा संचालन जैसे कार्यों में संलग्न हैं। आजीविका संबंधी कार्यों के साथ ही संगठन की महिलाओं ने कोविड-19 के बारे में जागरूकता के लिए भी काम किया है।

परीक्षा केन्द्रों में परीक्षा शांतिपूर्वक संचालित