
Ayushman Arogya Mandir से घटा स्वास्थ्य खर्च, कैंसर इलाज में मिली तेजी: जेपी नड्डा
Advancing Public Health Forum 2025 में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि आयुष्मान आरोग्य मंदिरों से जेब से होने वाला स्वास्थ्य खर्च कम हुआ है और कैंसर उपचार समय पर संभव हुआ है।
नई दिल्ली। Advancing Public Health Forum 2025 में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने आयुष्मान आरोग्य मंदिरों की उपलब्धियों को रेखांकित करते हुए कहा कि इस पहल ने देश में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत किया है और आम नागरिकों पर पड़ने वाले जेब से होने वाले स्वास्थ्य खर्च (Out-of-Pocket Expenditure) को उल्लेखनीय रूप से कम किया है।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के माध्यम से न केवल प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं सुलभ हुई हैं, बल्कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों की समय पर पहचान और उपचार भी संभव हो पाया है। उन्होंने कहा कि प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय मेडिकल जर्नल The Lancet में प्रकाशित रिपोर्ट में भी इस बात को स्वीकार किया गया है कि भारत की यह पहल जनस्वास्थ्य के क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव ला रही है।
आयुष्मान आरोग्य मंदिर: प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़
नड्डा ने कहा कि आयुष्मान आरोग्य मंदिरों को इस उद्देश्य से विकसित किया गया है कि देश के ग्रामीण और शहरी इलाकों में रहने वाले नागरिकों को उनके घर के पास ही समग्र और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो सकें। इन केंद्रों पर मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, गैर-संचारी रोगों की जांच, टीकाकरण, मानसिक स्वास्थ्य सेवाएं और कैंसर स्क्रीनिंग जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं।
उन्होंने बताया कि इन केंद्रों की वजह से अब मरीजों को बड़ी बीमारियों के इलाज के लिए देर नहीं होती, जिससे बीमारी की गंभीरता और इलाज का खर्च दोनों कम हो रहे हैं।
कैंसर उपचार में समय पर हस्तक्षेप
स्वास्थ्य मंत्री ने विशेष रूप से कैंसर उपचार का उल्लेख करते हुए कहा कि आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के जरिए प्रारंभिक जांच और समय पर रेफरल सिस्टम मजबूत हुआ है। इससे मरीजों को सही समय पर विशेषज्ञ उपचार मिल पा रहा है, जो जीवन बचाने में निर्णायक भूमिका निभाता है।
उन्होंने कहा कि The Lancet जैसी अंतरराष्ट्रीय पत्रिका में भारत की स्वास्थ्य नीति की सराहना होना इस बात का प्रमाण है कि देश वैश्विक स्वास्थ्य मानकों की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
जनस्वास्थ्य सुधार की दिशा में सरकार की प्रतिबद्धता
नड्डा ने कहा कि केंद्र सरकार का लक्ष्य सिर्फ इलाज तक सीमित नहीं है, बल्कि रोकथाम, जागरूकता और समय पर निदान को प्राथमिकता देना है। आयुष्मान आरोग्य मंदिर इस सोच का सशक्त उदाहरण हैं, जो स्वास्थ्य सेवाओं को सस्ता, सुलभ और प्रभावी बना रहे हैं।
उन्होंने भरोसा दिलाया कि आने वाले समय में इन केंद्रों की संख्या और सेवाओं का दायरा और बढ़ाया जाएगा, ताकि देश का हर नागरिक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाओं से लाभान्वित हो सके।










