अम्बिकापुर : जिले में हुई कोविड प्रबंधन मॉक ड्रिल, कलेक्टर-एसपी स्वयं रहे मौजूद

अम्बिकापुर : जिले में हुई कोविड प्रबंधन मॉक ड्रिल, कलेक्टर-एसपी स्वयं रहे मौजूद

file_000000000ae07206b6dd6cb6073112cd
WhatsApp Image 2026-03-12 at 6.47.26 PM (1)
file_000000009a407207b6d77d3c5cd41ab0

उपकरणों की उपलब्धता और क्रियाशीलता की हुई जांच,दवाओं की उपलब्धता एवं अन्य तैयारियों का किया गया निरीक्षण

उपकरण क्रियाशील रहें, ताकि आपात स्थिति में किसी तरह की समस्या ना हो, हर परिस्थिति से निपटने तैयारी सुनिश्चित करें- कलेक्टर

वर्तमान में देश मे कोविड 19 के संक्रमण के प्रकरणों में वृद्धि को दृष्टिगत रखते हुए बचाव के लिए भारत सरकार द्वारा जारी निर्देश के अनुपालन में राज्य शासन द्वारा सभी जिलों में प्रत्येक शासकीय एवं निजी चिकित्सालयों में कोविड 19 उपकरणों की क्रियाशीलता, दवाओं की उपलब्धता एवं अन्य तैयारियों के आंकलन के लिए मॉक ड्रिल कराए जाने के निर्देश दिए गए थे।

इसी क्रम में कलेक्टर कुंदन कुमार के निर्देशानुसार शनिवार को जिला चिकित्सालय सहित जिले के सभी सामुदायिक एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया।

जिला चिकित्सालय में आयोजित मॉक ड्रिल के दौरान कलेक्टर कुंदन कुमार, पुलिस अधीक्षक सुनील शर्मा, पूरी मेडिकल टीम सहित जिला स्तरीय अधिकारी कर्मचारी उपस्थित थे। इस दौरान जीवनदायी उपकरणों को चलाने व कोविड प्रबंधन प्रोटोकॉल का पालन कराने हेतु स्वास्थ्य अमले द्वारा कोविड सेंटर में स्वास्थ्य सुविधाओं की उपलब्धता और क्रियाशीलता का परीक्षण किया गया। इस दौरान मेडिकल उपकरणों वेंटीलेटर, ऑक्सीजन कॉन्सेंट्रेटर की कार्य प्रणाली का अवलोकन किया। कलेक्टर कुंदन ने अस्पताल प्रबंधक को निर्देशित किया कि सभी उपकरण क्रियाशील रहें तथा कंसन्ट्रेटर की जांच करवा लें, ताकि आपात स्थिति में किसी तरह की समस्या ना हो, हर परिस्थिति से निपटने तैयारी सुनिश्चित करें। सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में भी आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित कर ली जाए। इस दौरान जिला चिकित्सालय में सर्वप्रथम एम्बुलेंस द्वारा मरीज को लाने के साथ चिकित्सकों द्वारा प्राथमिक जांच, आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराने तथा ट्रिटमेंट की प्रकिया की गई।

66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
hotal trinetra
gaytri hospital
WhatsApp Image 2026-05-10 at 2.46.41 PM (1)

बता दें कि गत दिवस मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के कलेक्टर की बैठक लेकर कोविड-19 से सुरक्षा हेतु आवश्यक निर्देश दिए थे। मॉक ड्रिल के दौरान कलेक्टर कुंदन ने बताया जिला चिकित्सालय में एक अभ्यास के रूप में मॉक ड्रिल आयोजित किया गया है। यदि कोई कोविड का मरीज आता है तो उसको किस तरह से हैंडल किया जाएगा, उस प्रक्रिया का प्रदर्शन किया गया। सिस्टम को देखते हुए स्वास्थ्य संबंधी सभी व्यवस्थाओं को चुस्त-दुरुस्त करने का कार्य किया गया है। जितने भी खांसी बुखार सर्दी जुकाम वाले मरीज है, उनकी दो लेवल पर मॉनिटरिंग की जा रही है, अभी परिस्थिति नियंत्रण में है। स्वास्थ्य विभाग और जिला प्रशासन का अमला कोविड संक्रमण से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार है।इसके साथ ही उन्होंने सभी से कोविड अनुरूप व्यवहार करने की अपील की।

अस्पताल अधीक्षक ने जानकारी देते हुए बताया कि हमारी व्यवस्था में वर्तमान में यहां कुल 50 आइसोलेशन बेड है और आवश्यकता पड़ने पर उसको बढ़ाया जा सकता है। उन्होंने बताया कि जिला चिकित्सालय के चारों ऑक्सीजन प्लांट कार्यात्मक है। वर्तमान में 500 के ऊपर ऑक्सीजन सिलेंडर है। जिला अस्पताल में कोविड संक्रमण से निपटने के लिए ऑक्सीजन की पर्याप्त उपलब्धता है। कोविड संक्रमण को लेकर अभी चिंता नहीं है। अगर स्थिति बिगड़ती है तो कोविड संक्रमण से बचने के लिए कोविड अनुरूप व्यवहार करना है, सोशल डिस्टेंसिंग, बार-बार हाथ धोना और मास्क लगाना है। उन्होंने बताया कि डब्ल्यूएचओ की स्टडी अनुसार कोविड का नया वेरिएंट पूराने वेरियंट से कम घातक है। पहले जो कोविड के लक्षण थे, उसी तरह नए वेरियंट के भी लक्षण है।सर्दी, खांसी, बुखार और सांस लेने में तकलीफ़ है तो कोविड के लक्षण हैं। कोविड को लेकर कोई उम्र सीमा नहीं है लेकिन जो भी गंभीर बीमारी से पीड़ित हैं तो उन्हें कोविड संक्रमण से बचने की जरूरत है। कोविड टेस्टिंग के लिए स्वास्थ्य विभाग के पास पर्याप्त किट हैं। स्वास्थ्य विभाग के पास पहले से वायरोलॉजी लैब फंक्शनल ळें

कोविड प्रबंधन के लिए संसाधनों पर एक नजर में –

प्राप्त जानकारी के अनुसार कुल बिस्तर 650 बेड उपलब्ध हैं। जिसमें आईसीयू के लिए 50, एचडीयू के लिए 14, आईसीयू व एचडीयू के अतिरिक्त आक्सीजन युक्त 510 बेड, सामान्य 76 बिस्तर शामिल हैं। साथ ही बच्चों के लिए आईसीयू के 45 बिस्तर उपलब्ध हैं।
अस्पताल में पर्याप्त मात्रा में उपकरण भी तैयार हैं।