मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने टाटीडांड में किया सनातन समाज के अनुष्ठान में सहभाग, प्रदेशवासियों को दी होली की शुभकामनाएँ

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने टाटीडांड में किया सनातन समाज के अनुष्ठान में सहभाग, प्रदेशवासियों को दी होली की शुभकामनाएँ

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रायपुर, 15 मार्च 2025 – होली के पावन अवसर पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय अपनी धर्मपत्नी कौशल्या साय के साथ जशपुर जिले के कांसाबेल विकासखंड स्थित ग्राम टाटीडांड पहुँचे। यहाँ उन्होंने सनातन समाज के दुर्गा देवी संत समाज द्वारा आयोजित वार्षिक अनुष्ठान में भाग लिया और भगवान राधा-कृष्ण की पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की।

यह वार्षिक अनुष्ठान हर वर्ष फाल्गुन माह में होली के पर्व पर आयोजित किया जाता है, जिसमें मुख्यमंत्री साय वर्षों से सम्मिलित होते आ रहे हैं। इस वर्ष भी उन्होंने परंपरा निभाते हुए अनुष्ठान में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इस कार्यक्रम में गुरु महाराज स्वर्गीय धनपति पंडा के पुत्र सहदेव पंडा विशेष रूप से उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कार्यक्रम में उपस्थित श्रद्धालुओं और ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि होली केवल रंगों का नहीं, बल्कि प्रेम, सौहार्द्र और भाईचारे का पर्व है। यह पर्व समाज में आपसी प्रेम और एकता को मजबूत करता है। उन्होंने कहा कि टाटीडांड में सनातन समाज द्वारा आयोजित यह अनुष्ठान हमारी परंपराओं और सांस्कृतिक मूल्यों को जीवंत बनाए रखने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है।

उन्होंने कहा, “हमारी संस्कृति में पर्व-त्योहारों का विशेष महत्व है। ये न केवल आनंद और उल्लास का अवसर होते हैं, बल्कि सामाजिक समरसता को भी बढ़ावा देते हैं। होली हमें आपसी द्वेष और मतभेद भुलाकर एक-दूसरे के साथ प्रेम और भाईचारे का संदेश देती है।”

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता की खुशहाली और प्रदेश की प्रगति उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने आश्वस्त किया कि राज्य सरकार प्रदेशवासियों के कल्याण के लिए निरंतर कार्य कर रही है।

मुख्यमंत्री साय ने इस अवसर पर राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही प्रमुख जनकल्याणकारी योजनाओं का उल्लेख करते हुए बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 18 लाख परिवारों को आवास उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार किसानों के हित में भी ऐतिहासिक कदम उठा रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ में देश में सर्वाधिक समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की जा रही है। इससे प्रदेश के किसानों को बड़ा आर्थिक लाभ मिल रहा है और कृषि क्षेत्र समृद्ध हो रहा है। सरकार किसानों को उन्नत तकनीकों और सुविधाओं से जोड़कर उनकी आमदनी बढ़ाने का प्रयास कर रही है।

महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में महतारी वंदन योजना एक क्रांतिकारी पहल साबित हो रही है। इस योजना के तहत 70 लाख महिलाओं को हर माह ₹1000 की सहायता राशि दी जा रही है। इससे महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने और परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत करने में सहायता मिल रही है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि उनकी सरकार हर वर्ग के कल्याण के लिए कार्य कर रही है, चाहे वह किसान हों, महिलाएँ हों, युवा हों या व्यापारी वर्ग। उन्होंने प्रदेशवासियों से अपील की कि वे सरकार की योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाएँ और छत्तीसगढ़ के विकास में अपना योगदान दें।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आगामी 21 मार्च से 27 मार्च तक कुनकुरी विकासखंड में स्थित देश के सबसे बड़े प्राकृतिक शिवलिंग स्थल मधेश्वर पहाड़ के समीप आयोजित महाशिवपुराण कथा में सभी प्रदेशवासियों को आमंत्रित किया।

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उन्होंने बताया कि इस दौरान प्रसिद्ध कथा वाचक पंडित प्रदीप मिश्रा जी शिवमहापुराण कथा का वाचन करेंगे। उन्होंने कहा, “यह आयोजन आध्यात्मिक उन्नति का एक अनमोल अवसर है। कथा के माध्यम से हमें भगवान शिव की लीलाओं और उनके दिव्य संदेशों को समझने का अवसर मिलेगा।”

मुख्यमंत्री साय ने सभी श्रद्धालुओं से आग्रह किया कि वे इस दिव्य आयोजन में अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर शिव कृपा का लाभ उठाएँ।

मुख्यमंत्री की धर्मपत्नी कौशल्या साय ने भी कार्यक्रम में अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा कि इस तरह के धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन समाज में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार करते हैं और सामाजिक एकता को मजबूत करते हैं। उन्होंने प्रदेशवासियों को होली की शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि यह पर्व हर किसी के जीवन में खुशियाँ और समृद्धि लेकर आए।

टाटीडांड में हुए इस वार्षिक अनुष्ठान में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और स्थानीय ग्रामीण उपस्थित रहे। सभी ने धार्मिक अनुष्ठान में भाग लिया और भगवान राधा-कृष्ण की आराधना की। पूरे क्षेत्र में भक्ति और श्रद्धा का वातावरण बना रहा।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का आगमन होते ही स्थानीय लोगों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालुओं और ग्रामीणों ने उनसे मुलाकात कर अपनी समस्याएँ भी साझा कीं, जिन पर मुख्यमंत्री ने त्वरित समाधान का आश्वासन दिया।

टाटीडांड में होने वाला यह वार्षिक अनुष्ठान केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं है, बल्कि यह समाज में एकता, समरसता और पारंपरिक मूल्यों को संरक्षित करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम भी है।

सनातन समाज के इस अनुष्ठान में हर वर्ष हजारों श्रद्धालु सम्मिलित होते हैं, जिससे सामाजिक समरसता को बढ़ावा मिलता है। इस आयोजन के माध्यम से युवा पीढ़ी को भी भारतीय संस्कृति और परंपराओं से परिचित होने का अवसर मिलता है।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जनता से सीधे संवाद किया और उनकी समस्याओं को सुना। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार जनता के साथ सीधा जुड़ाव बनाए रखने में विश्वास रखती है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करें।

कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री साय ने पुनः सभी प्रदेशवासियों को होली की हार्दिक शुभकामनाएँ दीं और कहा कि यह पर्व प्रेम, भाईचारे और उल्लास का प्रतीक है। उन्होंने सभी से अनुरोध किया कि वे इस पर्व को सौहार्द्रपूर्ण वातावरण में मनाएँ और समाज में शांति व एकता बनाए रखें।

इस अवसर पर राज्य के विभिन्न हिस्सों से आए सनातन समाज के श्रद्धालु, स्थानीय ग्रामीण, जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का टाटीडांड दौरा केवल एक धार्मिक अनुष्ठान तक सीमित नहीं था, बल्कि यह एक राजनीतिक, सांस्कृतिक और सामाजिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण आयोजन था। इस दौरे के माध्यम से उन्होंने जनता से सीधे संवाद किया, सरकारी योजनाओं की जानकारी दी, और आगामी धार्मिक आयोजन का निमंत्रण दिया।

उनकी उपस्थिति से यह स्पष्ट होता है कि छत्तीसगढ़ सरकार धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजनों को बढ़ावा देने के साथ-साथ प्रदेश के विकास और जनता के कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है।