एनटीपीसी सीपत हादसा : इलाज के दौरान एक और श्रमिक की गई जान, अबतक दो की मौत

बिलासपुर। जिले के सीपत स्थित एनटीपीसी (नेशनल थर्मल पावर कॉर्पोरेशन) प्लांट में बुधवार को हुए दर्दनाक हादसे में अब तक दो श्रमिकों की जान जा चुकी है। यह हादसा यूनिट क्रमांक-5 में हुआ था, जहां कार्य के दौरान अचानक हादसा होने से कई श्रमिक गंभीर रूप से घायल हो गए थे।

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इस हादसे में गंभीर रूप से घायल प्रताप सिंह कंवर, जिनकी उम्र लगभग 22 वर्ष थी और वे ग्राम पोड़ी, थाना सीपत के निवासी थे, को तुरंत इलाज के लिए अपोलो अस्पताल में भर्ती कराया गया था। लेकिन इलाज के दौरान बुधवार रात लगभग 10 बजे प्रताप सिंह ने दम तोड़ दिया। इससे पहले एक अन्य श्रमिक की भी मौत हो चुकी थी। इस तरह इस हादसे में अब तक दो लोगों की मौत हो चुकी है।

परिजनों को 10 लाख मुआवजा और नौकरी

प्रताप सिंह के बड़े पिता ने जानकारी दी कि ठेका कंपनी की ओर से फिलहाल अंतिम संस्कार आदि के लिए 50 हजार रूपए दिए गए हैं। इसके अलावा मृतक के परिवार को कुल 10 लाख रूपए मुआवजा देने की घोषणा की गई है। इसमें 5 लाख रूपए ठेका कंपनी और 5 लाख रूपए एनटीपीसी प्रबंधन की ओर से दिए जाएंगे। साथ ही, परिवार के एक सदस्य को एनटीपीसी में नौकरी देने का वादा भी किया गया है, जिससे परिवार को आर्थिक सहारा मिल सके।

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दो श्रमिकों की मौत की पुष्टि 

हादसे के बाद मौके पर पहुंचे एसडीओपी सिद्धार्थ बघेल ने बताया कि अब तक दो श्रमिकों की मौत की पुष्टि हुई है। दोनों के शवों का पोस्टमार्टम करवाकर उन्हें परिजनों को सौंप दिया गया है। परिजन अपने गांव ले जाकर शवों का अंतिम संस्कार करेंगे।

एनटीपीसी प्रबंधन ने भी इस हादसे को बताय दुर्भाग्यपूर्ण 

एनटीपीसी प्रबंधन ने भी इस हादसे को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए गहरी संवेदना प्रकट की है और आश्वासन दिया है कि प्रभावित परिवारों को पूरी सहायता दी जाएगी।इस हादसे ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि बड़ी औद्योगिक इकाइयों में श्रमिकों की सुरक्षा को लेकर कितनी गंभीरता बरती जा रही है। मृतक परिवारों को न्याय मिले और भविष्य में ऐसे हादसे ना हों, इसके लिए ठोस कदम उठाना बेहद जरूरी हो गया है।