आज का पंचांग: 1 जून 2026 (सोमवार)
भारतीय वैदिक ज्योतिष के अनुसार आज का पंचांग विवरण निम्नलिखित है:
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| तिथि | ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष, पूर्णिमा तिथि (प्रातः 09:12 तक, तदोपरांत प्रतिपदा) |
| वार | सोमवार |
| नक्षत्र | अनुराधा (दोपहर 02:45 तक), तदोपरांत ज्येष्ठा |
| योग | व्यतीपात (शाम 05:30 तक) |
| करण | बव (प्रातः 09:12 तक), बालव (रात 08:35 तक) |
| सूर्योदय | प्रातः 05:24 बजे |
| सूर्यास्त | सायं 07:12 बजे |
शुभ और अशुभ समय
- अमृत काल: दोपहर 12:45 से 02:15 तक।
- राहू काल: प्रातः 07:05 से 08:45 तक (इस समय कोई भी शुभ कार्य वर्जित है)।
- यमगण्ड: प्रातः 10:25 से 12:05 तक।
पंचांग का महत्व
पंचांग का अर्थ है ‘पाँच अंग’ – तिथि, वार, नक्षत्र, योग और करण। हिंदू धर्म में किसी भी शुभ कार्य जैसे विवाह, गृह प्रवेश, या व्यापार शुरू करने के लिए पंचांग का अवलोकन अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। आज की पूर्णिमा तिथि विशेष रूप से धार्मिक अनुष्ठानों और दान-पुण्य के लिए शुभ मानी गई है। सोमवार का दिन भगवान शिव की उपासना के लिए समर्पित है, अतः आज के दिन ‘ॐ नमः शिवाय’ का जाप करने से मन को शांति मिलती है।
आज का विशेष
आज ज्येष्ठ माह की पूर्णिमा है। शास्त्रों के अनुसार पूर्णिमा तिथि पर चंद्र देव की पूजा और जल अर्पण करना विशेष फलदायी होता है। जो लोग मानसिक शांति की तलाश में हैं, उनके लिए आज चंद्र दर्शन और ध्यान करना उत्तम रहेगा। अनुराधा नक्षत्र में जन्मे व्यक्तियों के लिए आज का दिन विशेष उपलब्धियों वाला रह सकता है।
नोट: यह पंचांग सामान्य गणनाओं पर आधारित है। विशेष धार्मिक कार्यों या मुहूर्त के लिए स्थानीय पंचांग या ज्योतिषी से परामर्श अवश्य करें।











