कोरबाछत्तीसगढ़

कोरबा: स्कूलों पट खुले, पर अब तक स्वास्थ्य विभाग को नही मिला कोरोना परीक्षण और वैक्सिनेशन के निर्देश.. कक्षाओं में कोविड गाइडलाइंस की सख्त जरूरत.

साकेत वर्मा रिपोटर कोरबा

कोरबा: स्कूलों पट खुले, पर अब तक स्वास्थ्य विभाग को नही मिला कोरोना परीक्षण और वैक्सिनेशन के निर्देश.. कक्षाओं में कोविड गाइडलाइंस की सख्त जरूरत.

WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.27.06 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 8.56.40 PM (1)
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.09.46 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.06.54 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.17.22 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.12.09 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.19.42 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.04.25 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.31.09 PM
WhatsApp-Image-2026-01-04-at-3.52.07-PM-1-207x300 (1)
53037c58-1c56-477e-9d46-e1b17e179e86

■ प्राथमिक-माध्यमिक कक्षा के बच्चों को करना होगा अभी और इंतज़ार.

■ 9वीं से 12वीं कक्षा के छात्र पहुंच रहे स्कूल. कोविड गाइडलाइंस का रखा जा रहा ख्याल.

■ आवासीय विद्यालय, हॉस्टल अधीक्षकों को कोरोना जांच कराए जाने के मिले निर्देश.

कोरबा : स्कूल शिक्षा विभाग के निर्देश पर कोविड गाइडलाइंस का पालन करते हुए प्रदेशभर में 9 वीं से 12 वीं तक के कक्षाओं का संचालन शुरू कर दिया गया है. स्कूल शिक्षा मंत्री डॉ प्रेमसाय टेकाम ने बीते 16 फरवरी से राज्य के सभी हाई व हायर सेकेंडरी कक्षाओं के फिर से संचालन की अनुमति दे दी है जिसके बाद अब बोर्ड कक्षाओं के बच्चे स्कूल पहुंच रहे है. हालांकि माध्यमिक और प्राथमिक कक्षाओं को खोलने पर अब भी विचार किया जा रहा है. छोटे बच्चों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को लेकर सरकार और प्रशासन सतर्क है लिहाजा इन कक्षाओं के स्कूलों को खोलने में सरकार हिचक रही है. ज्यादातर पालक भी इस फैसले के खिलाफ है. भिलाई के एक पालक संघ ने सरकार के द्वारा स्कूल खोले जाने के फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती भी दे दी है. उनकी शिकायत है कि देश-प्रदेश के कई हिस्सों में कोरोना का खतरा अभी कम नही हुआ है बल्कि नए स्ट्रेन ने इस महामारी की आशंका को और बढ़ा दिया है. स्कूलों में छात्र-छात्राओं के बीच सोशल डिस्टेंसिंग अव्यवहारिक है. ऐसे में सरकार अपना निर्णय वापिस ले.

mantr
66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b

दूसरी तरफ सरकार ने स्कूलों के पट जरूर खोल दिये है. मंत्री ने मीडिया से बातचीत के दौरान स्कूलों में जांच की भी बात कही थी लेकिन यह निर्देश फिलहाल अमल पर नही लाया जा सका है. जिले के वरिष्ठ चिकित्साधिकारी की माने तो उन्हें या उनके विभाग को अभी तक स्वास्थ्य मंत्रालय की तरफ से कोई निर्देश जारी नही हुआ है जिसके तहत स्कूली बच्चों का कोरोना परीक्षण किया जाए. उन्हें ना ही स्कूलों में वैक्सिनेशन के बारे में कोई जानकारी है. हालांकि शासन ने आवासीय परिसर तथा छात्रावासों में जांच की बात कही है लेकिन यह काम भी शुरू नही किया गया है. स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि यदि उन्हें किसी तरह का निर्देश मिलता है तो उनकी टीम फौरन ही स्कूलों में कैम्प करेगी. हेल्थ ऑफिसर के अनुसार 9 वीं से 12 वीं के बच्चे परिपक्व होते है. कोरोना को लेकर उनमे सतर्कता होनी चाहिए. स्कूलों में वे मास्क और सेनेटाइजर का सतत इस्तेमाल करें. बच्चे एक-दूसरे से सामान न ले साथ ही सामाजिक दूरी बनी रहे यह स्कूल प्रबंधन और छात्र-छात्राएं सुनिश्चित करें.

◆ राजनांदगांव के एक स्कूल में शिक्षक-छात्रों के बीच कोरोना के फैलाव की खबर.

खबरिया चैनल और इंटरनेट से मिल रही जानकारी के मुताबिक राजनांदगांव के एक निजी स्कूल में एक दर्जन के करीब छात्र और शिक्षक कोरोना से पॉजिटिव पाए गए है. खबरों के अनुसार सभी धनात्मक मरीजो को एहतियातन आइसोलेट कर दिया गया है साथ ही स्कूल के अन्य लोगो का कोरोना परीक्षण किया जा रहा है. जिले के सीएमएचओ ने भी इसकी पुष्टि की है.

[contact-form][contact-field label=”Name” type=”name” required=”true” /][contact-field label=”Email” type=”email” required=”true” /][contact-field label=”Website” type=”url” /][contact-field label=”Message” type=”textarea” /][/contact-form]

Haresh pradhan

e6e82d19-dc48-4c76-bed1-b869be56b2ea (2)
WhatsApp Image 2026-01-04 at 4.02.37 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.36.04 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.39.12 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.44.45 PM (1)

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!