बस्तामुक्त विद्यालय माध्यमिक शाला रुनियाडीह में पूर्व व्यवसायिक शिक्षा प्रशिक्षण का लगाया गया प्रदर्शनी

बस्तामुक्त विद्यालय माध्यमिक शाला रुनियाडीह में पूर्व व्यवसायिक शिक्षा प्रशिक्षण का लगाया गया प्रदर्शनी

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गोपाल सिंह विद्रोही बिश्रामपुर – क्षेत्र के प्रथम बस्तामुक्त विद्यालय शासकीय माध्यमिक शाला रुनियाडीह में पूर्व व्यवसायिक शिक्षा प्रशिक्षण का प्रदर्शनी कार्यक्रम पूर्व जिला पंचायत सदस्य सत्यनारायण जायसवाल व जिला पंचायत सदस्य श्रीमती गीता जायसवाल की मुख्य आतिथ्य मे आयोजित की गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता विनोद कुमार दुबे विकास खंड शिक्षा अधिकारी द्वारा की गई तो वहीं कार्यक्रम मे विशिष्ट आतिथ्य बाबूलाल राजवाड़े जनपद सदस्य सूरजपुर, राजेश कुमार अग्रवाल अध्यक्ष अलख सामाजिक संस्था बिश्रामपुर, सचिव हेमराज सिंह सोनी, एस एम सी अध्यक्ष अमरेश राजवाड़े, कामेश्वर राजवाड़े द्वारा की गई। अतिथियों का स्वागत संस्था के सुगा नर्तक दल के द्वारा गोपाल, लक्ष्मी सिंह व शालिनी सांस्कृतिक दल के नेतृत्व में की गई। मां सरस्वती की पूजा अर्चना उपरांत स्वागत उद्बोधन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। स्वागत उद्बोधन संस्था प्रमुख एवं जिला नोडल प्रभारी पूर्व व्यवसायिक शिक्षा सीमांचल त्रिपाठी द्वारा दी गई, जिसमें आपने बताया कि नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरुप प्रदेश स्तर से बच्चों को आनंदमयी शिक्षा देने के लिए माध्यमिक विद्यालय में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं हेतु बस्ता विहीन शाला का निर्माण कर पढ़ाई के साथ उनमें मौजूद कौशल का उन्नयन करना है ताकि पढ़ लिख कर शासकीय सेवा ना मिलने की स्थिति में भी वे अपने कौशलों का उपयोग कर जीवन निर्वाह व परिवार का भरण पोषण कर सकें। इस कड़ी मे जिले के 20 विद्यालयों का चयन प्रदेश स्तर से कर उन्हे प्रारंभिक चरण मे ₹10000 प्रदान कर बच्चों के रुचि अनुरूप कार्य को सिखाने की जिम्मेदारी दी गई थी। संस्था द्वारा कुशल प्रशिक्षकों की देखरेख में प्लंबिंग, बिजली के उपकरण सुधार, खराब एलईडी बल्ब सुधार कार्य, पाक कला, सिलाई-कढ़ाई, वेल्डिंग, नाई एवं क्राफ्ट कला सिखाकर प्रदर्शनी लगाई गई। जिसका अवलोकन अतिथियों के साथ साथ-साथ विकास श्रीवास्तव, उपस्थित एसएमसी के सदस्य, पालक, बालक व ग्रामवासी द्वारा किया गया। इस दौरान आरती स्व सहायता समूह के सदस्य, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका भी उपस्थित रहीं। अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में सत्यनारायण जायसवाल द्वारा संस्था द्वारा किए गए कार्य को अन्य विद्यालयों हेतु अनुकरणीय बताया एवं कहा कि अगर सभी विद्यालयों में इस तरह से बच्चों को कार्य सिखाया जाए तो निस्संदेह वे भविष्य मे जीवन निर्वाह सफलतापूर्वक कर सकेंगे और उन्हें बेरोजगारी से जूझना नहीं पड़ेगा। बच्चों के प्रयासों की प्रशंसा करते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना कर सफल नागरिक बनने के क्षेत्र में कदम बढ़ाने वाला कार्य बताया एवं सतत रूप से इसे आत्मसात करने एवं कौशल बढ़ाने हेतु प्रेरित किया। कार्यक्रम में गीता जायसवाल, विकास खंड शिक्षा अधिकारी विनोद कुमार दुबे एवं राजेश कुमार अग्रवाल द्वारा भी संबोधित किया गया। कार्यक्रम में नाई कार्य के लिए मंगलेश्वर ठाकुर, वेल्डिंग कार्य के लिए अमर साय राजवाड़े, पाक कला के लिए श्रीमती एम0 टोप्पो, क्राफ्ट कार्य हेतु श्रीमती तिलेश्वरी राजवाड़े, बिजली उपकरण सुधार व पलंबर के कार्य हेतु रिजवान अंसारी, श्रीमती विद्यावती सिंह, दर्जी कार्य के लिए अमरेश राजवाड़े, लोहारी कार्य के लिए मंगलू विश्वकर्मा, बढ़ाई कार्य के लिए मनीराम को प्रशिक्षण मानदेय, श्रीफल, स्मृति चिन्ह, गमछा व उपहार से तथा उत्कृष्ट कार्य करने वाले छात्र-छात्राओं मे विकेश राजवाड़े, लालसाय, क्रीश कुमार सारथी, नारेंद्र, गोपाल, अंकित कुमार, शिवभजन, विक्की सिंह, राजू सिंह, सरवन, विकास देवांगन, केशवनंद, आरती राजवाड़े, प्रिया, रीता सिंह, आरती, मंजू देवांगन, लक्ष्मी विश्वकर्मा, सुमित्रा यादव, तपेश्वरी, नीता व गौतम प्रसाद को पुरस्कृत कर सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि द्वारा रुनियाडीह महिला कबड्डी टीम के समस्त सदस्यों को पूर्व घोषित इनाम के तहत खेल गणवेश व उपहार दिया गया। संस्था प्रमुख एवं एसएमसी अध्यक्ष द्वारा उपस्थित अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट की गई। कार्यक्रम में आभार प्रदर्शन एसएमसी अध्यक्ष अमरेश राजवाड़े द्वारा की गई। अतिथियों सहित उपस्थित छात्र-छात्राओं, पालको, एसएमसी सदस्यों, आरती स्व सहायता समूह के सदस्यों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं व गणमान्य नागरिकों को स्वल्पाहार व भोजन कराकर कार्यक्रम का समापन किया गया।