छत्तीसगढ़ में 29 से 31 दिसंबर तक तृतीय चरण काम बंद–कलम बंद आंदोलन, कर्मचारियों ने DA-DR व वेतनमान मुद्दों पर सरकार को घेरा

मोदी की गारंटी पूरा कराने 29 से 31 दिसंबर तक तृतीय चरण काम बंद–कलम बंद आंदोलन

file_000000000ae07206b6dd6cb6073112cd
WhatsApp Image 2026-03-12 at 6.47.26 PM (1)
file_000000009a407207b6d77d3c5cd41ab0

दुर्ग, 11 दिसंबर 2025। छत्तीसगढ़ कर्मचारी अधिकारी फेडरेशन ने राज्य सरकार द्वारा केंद्र के अनुरूप महंगाई भत्ता (DA), महंगाई राहत (DR), चार स्तरीय वेतनमान, सातवें वेतनमान के अनुसार एचआरए सहित अन्य भत्तों के पुनरीक्षण, तथा अनियमित/संविदा कर्मचारियों के नियमितीकरण पर कार्रवाई नहीं होने के विरोध में 29 से 31 दिसंबर 2025 तक तीन दिवसीय निश्चितकालीन काम बंद–कलम बंद हड़ताल घोषित की है।

फेडरेशन ने कहा है कि सरकार ने चुनाव पूर्व “मोदी की गारंटी मतलब गारंटी पूरा होने की गारंटी” मंच से कर्मचारियों को केंद्र की तिथि से महंगाई भत्ता देने व एरियर भुगतान का वादा किया था, लेकिन लगभग दो वर्ष पूरे होने के बाद भी वादा पूरा नहीं हुआ।


केंद्र से 3% DA पीछे—अन्य भाजपा शासित राज्यों ने किया लागू

कर्मचारी संगठनों ने कहा कि छत्तीसगढ़ के अधिकारी–कर्मचारी अभी भी केंद्रीय दर से 3% कम DA पा रहे हैं।
उत्तर प्रदेश सहित कई भाजपा शासित राज्यों ने जुलाई 2025 से 58% DA/DR लागू कर दिया, वहीं छत्तीसगढ़ में कर्मचारियों को महंगाई दर बढ़ने के बावजूद आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।

66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
hotal trinetra
gaytri hospital
WhatsApp Image 2026-05-10 at 2.46.41 PM (1)

फेडरेशन ने आरोप लगाया कि छत्तीसगढ़ राज्य बनने के 25 वर्ष बाद भी कर्मचारियों को आर्थिक रूप से मध्यप्रदेश से बेहतर स्थिति नहीं मिल पाई।


संविदा–अनियमित कर्मचारियों के नियमितीकरण पर भी निर्णय लंबित

सरकार ने चुनाव पूर्व कमेटी गठित कर 100 दिनों में नियमितीकरण करने का वादा किया था, लेकिन इस पर भी अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है।


13 दिसंबर को दुर्ग में बैठक

इन मुद्दों को लेकर फेडरेशन ने सभी संबद्ध संगठनों व विभागीय कर्मचारियों से 13 दिसंबर 2025 (शनिवार), दोपहर 12 बजे, जिला पंचायत सभागार दुर्ग में होने वाली बैठक में उपस्थित होने की अपील की है।


फेडरेशन के पदाधिकारियों का बयान

यह जानकारी फेडरेशन दुर्ग के मीडिया प्रभारी भानु प्रताप यादव ने दी।
ज्ञात हो कि आंदोलन के लिए किए जा रहे आह्वान में प्रमुख पदाधिकारियों—
राजेश चटर्जी, विजय लहरे, अनुरूप साहू, प्रदीप सिंह चौहान (बाबा भाई), मनीष तिवारी, भानु प्रताप यादव, शिव दयाल घृतलहरे, गौरीशंकर रावना, धर्मेन्द्र देशमुख, सूखेन्द्र देवांगन, अशोक गुप्ता, दीपक दुबे, प्रीतम साहू और मोतीराम खिलाड़ी—ने संयुक्त रूप से समर्थन दिया है।