बलरामपुर: 333 ग्राम पंचायत और 2 नगर पंचायत होंगे बाल विवाह मुक्त घोषित, 7 दिन में करें दावा-आपत्ति

बलरामपुर जिले की 333 ग्राम पंचायतें और 2 नगरीय निकाय होंगे बाल विवाह मुक्त घोषित, दावा-आपत्ति आमंत्रित

WhatsApp Image 2026-03-12 at 6.47.26 PM (1)
file_000000009a407207b6d77d3c5cd41ab0
WhatsApp Image 2026-06-26 at 00.16.05 (1)

बलरामपुर, 04 मार्च 2026।राज्य बाल संरक्षण समिति छत्तीसगढ़ एवं संचालनालय महिला एवं बाल विकास विभाग रायपुर के निर्देशानुसार जिला बलरामपुर-रामानुजगंज में 333 ग्राम पंचायतों एवं 2 नगरीय निकायों को बाल विवाह मुक्त घोषित किए जाने की प्रक्रिया प्रारंभ की गई है।

जिला प्रशासन के अनुसार, जिन ग्राम पंचायतों एवं नगरीय निकायों में विगत 02 वर्षों में एक भी बाल विवाह का प्रकरण दर्ज नहीं हुआ है, उन्हें प्रमाण पत्र जारी कर बाल विवाह मुक्त घोषित किया जाएगा। संबंधित ग्राम पंचायतों के सचिव, सरपंच एवं नगरीय निकायों के अध्यक्षों द्वारा इस संबंध में प्रमाण पत्र प्रस्तुत किया गया है।

इन नगरीय निकायों को किया जाएगा घोषित

बाल विवाह मुक्त घोषित किए जाने वाले नगरीय निकायों में:

नगर पंचायत राजपुर

नगर पंचायत वाड्रफनगर

जिले के सभी विकासखंडों की पंचायतें शामिल

66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
hotal trinetra
gaytri hospital
WhatsApp Image 2026-05-10 at 2.46.41 PM (1)

जिले के विकासखंड राजपुर, बलरामपुर, वाड्रफनगर, रामचंद्रपुर, कुसमी एवं शंकरगढ़ की कुल 333 ग्राम पंचायतों ने विगत दो वर्षों में बाल विवाह नहीं होने का प्रमाण पत्र प्रस्तुत किया है।

इन पंचायतों में ग्रामीण जनप्रतिनिधियों एवं प्रशासन के संयुक्त प्रयासों से बाल विवाह रोकथाम अभियान प्रभावी रूप से संचालित किया गया।

7 दिवस में करें दावा-आपत्ति

इस संबंध में जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग बलरामपुर ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि किसी को इन ग्राम पंचायतों या नगरीय निकायों को बाल विवाह मुक्त घोषित किए जाने पर कोई दावा या आपत्ति हो, तो वे अपना लिखित आवेदन 7 दिवस के भीतर कार्यालय जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग, बलरामपुर में प्रस्तुत कर सकते हैं।

निर्धारित अवधि के बाद प्राप्त दावा-आपत्तियों पर विचार नहीं किया जाएगा।

प्रशासन की पहल

जिला प्रशासन का उद्देश्य है कि बाल विवाह जैसी कुप्रथा को पूर्णतः समाप्त कर बालकों एवं बालिकाओं के अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित की जाए। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि बाल विवाह की सूचना मिलने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।