प्रयागराज हादसा: आदर्श कोल्ड स्टोरेज की छत गिरने से 4 की मौत, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी – विस्तृत रिपोर्ट





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प्रयागराज हादसा: आदर्श कोल्ड स्टोरेज की छत गिरने से 4 की मौत, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी – विस्तृत रिपोर्ट


प्रयागराज दर्दनाक हादसा: चांदपुर गांव के ‘आदर्श कोल्ड स्टोरेज’ की छत ढही; 4 की मौत, 17 को मलबे से सुरक्षित निकाला गया

📍 प्रयागराज, उत्तर प्रदेश | 📅 अपडेटेड: 24 मार्च, 2026 | समय: 11:30 AM
ब्रेकिंग अपडेट: मलबे के नीचे दबे लोगों को निकालने के लिए पिछले 24 घंटों से रेस्क्यू ऑपरेशन जारी। पुलिस और जिला प्रशासन की टीमें मौके पर डटी हुई हैं।
04
मृत्यु (पुष्टि)
17
सुरक्षित बचाए गए

प्रयागराज: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले के चांदपुर गांव में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। यहाँ स्थित ‘आदर्श कोल्ड स्टोरेज’ की विशालकाय छत अचानक भरभराकर गिर गई। इस हादसे के वक्त कोल्ड स्टोरेज के अंदर कई मजदूर और किसान आलू के भंडारण के कार्य में लगे हुए थे। मलबे के नीचे दबने से अब तक 4 मजदूरों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि 17 लोगों को अत्यंत चुनौतीपूर्ण स्थितियों में सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है।

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रेस्क्यू ऑपरेशन: मलबे के ढेर में जिंदगी की तलाश

हादसा सोमवार दोपहर लगभग 2 बजे का बताया जा रहा है। छत गिरने की आवाज इतनी भीषण थी कि आसपास के गांवों में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस, एम्बुलेंस और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं। मलबे के भारी ढेरों को हटाने के लिए तत्काल कई जेसीबी मशीनें और डंपर बुलाए गए।

“कल दोपहर 2 बजे से ही बचाव कार्य चल रहा है। प्रशासन और पुलिस के सहयोग से जेसीबी मशीनें और डंपर लगातार तैनात किए गए हैं। मलबे को हटाया जा रहा है और लोगों को लगातार बचाया जा रहा है। हमारी प्राथमिकता मलबे के नीचे फंसे हर एक व्यक्ति को सुरक्षित बाहर निकालना है।”
– अरुण पाराशर, एसीपी (ACP), प्रयागराज

खोजी रिपोर्ट: हादसे के पीछे के संभावित कारण

प्रारंभिक जांच और स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, हादसे के पीछे कई गंभीर लापरवाही के संकेत मिल रहे हैं:

  • अत्यधिक भार (Overloading): आलू के सीजन के कारण कोल्ड स्टोरेज में क्षमता से अधिक बोरियों का भंडारण किया गया था, जिससे संरचनात्मक ढांचा दबाव झेल नहीं सका।
  • जर्जर इमारत: स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि कोल्ड स्टोरेज की छत पुरानी और जर्जर थी, जिसकी मरम्मत पर ध्यान नहीं दिया गया था।
  • सुरक्षा मानकों का उल्लंघन: बिना किसी फिटनेस सर्टिफिकेट और उचित वेंटिलेशन के कोल्ड स्टोरेज का संचालन किया जा रहा था।

प्रशासन की कार्रवाई और कानूनी पहलू

जिलाधिकारी प्रयागराज ने मामले की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं। पुलिस ने कोल्ड स्टोरेज के मालिकों के खिलाफ लापरवाही बरतने (IPC की सुसंगत धाराओं) के तहत प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। बचाए गए 17 लोगों में से कई की हालत नाजुक है, जिन्हें नजदीकी स्वरूप रानी अस्पताल (SRN) में भर्ती कराया गया है।

श्रेणी वर्तमान स्थिति प्रशासनिक कार्रवाई
मृतक 04 (मजदूर) पोस्टमार्टम और मुआवजे की घोषणा प्रक्रिया में।
घायल 17 (बचाए गए) नि:शुल्क इलाज और निगरानी जारी।
कोल्ड स्टोरेज मालिक जांच के घेरे में दस्तावेजों की जांच और लाइसेंस निरस्तीकरण की तैयारी।

चश्मदीदों की जुबानी

मलबे से सुरक्षित निकले एक मजदूर ने बताया, “हम लोग आलू की बोरियां लगा रहे थे कि तभी ऊपर से छत का एक हिस्सा गिरा। इससे पहले कि हम भाग पाते, पूरी छत नीचे आ गई। अंधेरा छा गया और सांस लेना मुश्किल हो गया।” गांव के लोगों ने प्रशासन के साथ मिलकर रात भर टॉर्च की रोशनी में बचाव कार्य में मदद की।

रिपोर्ट: क्राइम एंड डिजास्टर डेस्क | प्रयागराज ब्यूरो

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