Advertisement

सीएम बघेल ने कोरबा के मेडिकल कॉलेज का किया वर्चुअल शुभारंभ.. छत्तीसगढ़ के इतिहास में प्रदेशवासियों को पहली बार एक साथ मिलेंगे चार नए मेडिकल कॉलेज लगभग 325 करोड़ रूपए की लागत से बनेगा कॉलेज का भवन

सीएम बघेल ने कोरबा के मेडिकल कॉलेज का किया वर्चुअल शुभारंभ.. छत्तीसगढ़ के इतिहास में प्रदेशवासियों को पहली बार एक साथ मिलेंगे चार नए मेडिकल कॉलेज लगभग 325 करोड़ रूपए की लागत से बनेगा कॉलेज का भवन

कोरबा :- मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने आज विधानसभा स्थित अपने कार्यालय कक्ष से कोरबा मेडिकल कॉलेज का वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए शुभारंभ किया। कोरबा के झगरहा स्थित आईटी काॅलेज परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम में वीडियो काॅन्फ्रेंसिंग के माध्यम से ही विधानसभा अध्यक्ष डाॅ. चरण दास महंत और प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री श्री टी. एस. सिंहदेव भी शामिल हुए। कार्यक्रम स्थल पर जिले के प्रभारी मंत्री डाॅ. प्रेमसाय सिंह टेकाम, राजस्व मंत्री श्री जयसिंह अग्रवाल, लोकसभा क्षेत्र कोरबा की सांसद श्रीमती ज्योत्सना महंत, विधायक कटघोरा श्री पुरूषोत्तम कंवर, विधायक पाली-तानाखार श्री मोहित केरकेट्टा, नगर निगम कोरबा के महापौर श्री राजकिशोर प्रसाद, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती शिवकला कंवर, नगर निगम के सभापति श्याम सुंदर सोनी, पूर्व विधायक श्यामलाल कंवर सहित कलेक्टर श्रीमती किरण कौशल, जिला पंचायत के सीईओ श्री कुंदन कुमार, नगर निगम के आयुक्त श्री एस. जयवर्धन, जिले के सीएमएचओ डाॅ. बी. बी. बोडे, मेडिकल काॅलेज के डीन डाॅ. बड़गैया सहित कई जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक भी प्रत्यक्षतः मौजूद रहे।

कोरबा जिला छत्तीसगढ़ का सबसे सुंदर, स्वस्थ और शिक्षित जिला बने: मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल

वर्चुअल रूप से कार्यक्रम को संबोधित करते हूए मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने कहा है कि कोरबा जिले ने अधोसंरचना विकास, पर्यटन, शिक्षा और अब चिकित्सा के क्षेत्र में भी विकास की नई दिशा पकड़ी है। राज्य सरकार का यह प्रयास है कि कोरबा जिला छत्तीसगढ़ का सबसे सुंदर, स्वस्थ और शिक्षित जिला बने। उन्होंने कहा कि यह छत्तीसगढ़ के इतिहास में पहली बार है जब एक साल में छत्तीसगढ़ को चार शासकीय मेडिकल कॉलेज मिलने जा रहे हैं। इनमें से एक साल में कोरबा, कांकेर और महासमुन्द में तीन नए मेडिकल कॉलेज की स्वीकृति मिली। इसके साथ ही साथ निजी क्षेत्र के चंदूलाल चंद्राकर स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय को सरकार ने अधिग्रहण करने का निर्णय लिया गया। इससे प्रदेश में चिकित्सा शिक्षा और चिकित्सा सुविधा को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब छत्तीसगढ़ राज्य का गठन हुआ था तब रायपुर में एक मेडिकल कॉलेज था। इसके बाद बिलासपुर, रायगढ, अंबिकापुर, राजनांदगांव और जगदलपुर में नए शासकीय मेडिकल कॉलेज बने। मुख्यमंत्री ने कहा कि चिकित्सकों की कमी हमेशा बनी रहती है। डॉक्टरों की संख्या बढ़ाने और बेहतर चिकित्सा सुविधा का लाभ प्रदेशवासियों को उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार का प्रयास है कि हर लोकसभा क्षेत्र में एक मेडिकल कॉलेज बने। आने वाले समय में जिला स्तर पर भी मेडिकल कॉलेज खोलने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जांजगीर में भी मेडिकल कॉलेज प्रारंभ करने के लिए प्रयास करेगी। श्री बघेल ने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा कोरबा को आकांक्षी जिले के रूप में चिन्हित किया है। राज्य सरकार इसे विकसित जिला बनाने का प्रयास कर रही है। कोरबा के सतरेंगा को पर्यटन के राष्ट्रीय मानचित्र पर लाने का प्रयास किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार के वित्तीय वर्ष 2021-22 के बजट में तीन नए मेडिकल कॉलेजों कोरबा, कांकेर और महासमुन्द के लिए बजट में 300 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है। आगामी अप्रैल माह के पहले सप्ताह में ही इन मेडिकल कॉलेजों के लिए बजट आबंटन जारी कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि कोरबा के पहचान ऊर्जाधानी के रूप में है। आने वाले समय में इस जिले की पहचान चिकित्सा और पर्यटन के क्षेत्र में भी होगी।

हमारी कथनी-करनी में अंतर नहीं, लोगों की अपेक्षाओं पर खरा उतरने के लिए प्रयासरत- डाॅ. महंत –

file_0000000093d882119d122d54d9d757b5


कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विधानसभा अध्यक्ष डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि कोरबा अंचल के लोगों का यह सपना था कि यहां मेडिकल कॉलेज की स्थापना हो। जिससे यहां के बच्चे डॉक्टर बन सकें। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कुछ दिन पहले ही कोरबा में मेडिकल कॉलेज की स्थापना की घोषणा की थी। आज इसका शुभारंभ हो रहा है। हमारी सरकार जो कहती है उस पर अमल भी करती है। हमारी कथनी और करनी में कोई अंतर नहीं है। डाॅ. महंत ने कहा कि मेडिकल काॅलेज की शुरूआत कोरबा जिले के लिए ऐतिहासिक अवसर है। चार माह की अल्पावधि में ही इस मेडिकल कॉलेज का शुभारंभ हो रहा है। इस मेडिकल कॉलेज के लिए धन राशि भी आबंटित कर दी गई है। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कोरबा वनांचल के साथ कोयलांचल भी है। इसी को ध्यान में रखकर यहां बेहतर से बेेहतर सुविधाओं का विकास करने का प्रयास है ताकि अंचल के लोगों को अधिक से अधिक लाभ मिल सके। विधानसभा अध्यक्ष ने क्षेत्र के सभी जनप्रतिनिधियों से लोगों की आशाओं-अपेक्षाओं पर खरा उतरने के लिए हर संभव मदद का भी आहवान किया। उन्हांेने मेडिकल काॅलेज की स्थापना के लिए काम करने वाले सभी अधिकारियों-कर्मचारियों को बधाई भी दी।

आज का दिन हम सब के लिए गर्व और खुशी का :स्वास्थ्य मंत्री श्री सिंहदेव

स्वास्थ्य श्री टी. एस. सिंहदेव ने कहा कि कोरबा मेडिकल काॅलेज के शुभारंभ का आज का दिन हम सब के लिए गर्व और खुशी का दिन है। मुख्यमंत्री श्री बघेल की अगुवाई में प्रदेश में तीन नए मेडिकल कॉलेजों की स्वीकृति प्राप्त हुई, उसमें से कोरबा मेडिकल कॉलेज का आज शुभारंभ हो रहा है। छत्तीसगढ़ लगातार स्वास्थ्य के क्षेत्र में आगे बढ़ रहा है। यह उपलब्धि जनहित में महत्वपूर्ण है।

बहुत पुरानी मांग हुई पूरी, सभी को बधाई: डाॅ.टेकाम

स्कूल शिक्षा मंत्री और कोरबा जिले के प्रभारी मंत्री डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि कोरबा में मेडिकल कॉलेज शुरू करने की मांग बहुत पुरानी थी। उद्योगों और कोयला खदानों वाले इस जिले में ईलाज की बेहतर सुविधाओं के लिए मेडिकल काॅलेज की स्थापना से लोगों की बरसों पुरानी मांग पूरी हो गई है। डाॅ. टेकाम ने कहा कि मेडिकल काॅलेज का भवन लगभग 325 करोड़ रूपए की लागत से बनेगा। इस मेडिकल कॉलेज में 100 सीट होंगी। उन्होंने मेडिकल कॉलेज के शुभारंभ होने पर जिलेवासियों को बधाई और शुभकामनाएं दी।

जल्दबाजी में नहीं हो रहा उद्घाटन, गाईडलाइन के अनुसार सभी जरूरतें पूरी, अगले सत्र से होगी पढ़ाई: राजस्व मंत्री श्री अग्रवाल 

स्थानीय विधायक और प्रदेश के राजस्व मंत्री श्री जयसिंह अग्रवाल ने कहा कि कोरबा में मेडिकल काॅलेज की शुरूआत जल्दबाजी में नहीं हो रही है। एमसीआई द्वारा निर्धारित मापदंडो और जरूरतों को पूरा करते हुए आईटी काॅलेज के एक भाग में मेडिकल काॅलेज शुरू किया जा रहा है। इस काॅलेज में अगले सत्र से पढ़ाई शुरू होनी है और सरकार ने जिला प्रशासन के माध्यम से सभी तैयारियां पूरी कर ली है। राजस्व मंत्री ने कहा कि मेडिकल काॅलेज के लिए 25 एकड़ जमीन आबंटित कर दी गई है। भवन निर्माण के लिए जल्द निविदा जारी होगी। उन्होंने कहा कि कोरबा जिला खनिज की सर्वाधिक रायल्टी देने वाला, रेल्वे को सर्वाधिक राजस्व देने वाला जिला है, यहां कोयला खदानें संचालित है।

निम्न और मध्यम आय वर्ग के लोगों को मिलेगा काॅलेज का सबसे ज्यादा फायदा : सांसद श्रीमती महंत –

सांसद श्रीमती ज्योत्सना महंत ने इस अवसर पर कहा कि मेडिकल काॅलेज खुलना किसी भी क्षेत्र के लिए गौरव की बात है। उन्होंने कोरबा में खुल रहे मेडिकल काॅलेज के लिए सभी क्षेत्र वासियों को शुभकामनाएं और बधाई दी। श्रीमती महंत ने कहा कि उनके दल की सरकार का लक्ष्य लोगों को अच्छी स्वास्थ्य सुविधाएं और अच्छी शिक्षा तथा रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना है। मेडिकल काॅलेज से सबसे अधिक गरीब और मध्यम आय वर्ग के लोगों को फायदा होगा। श्रीमती महंत ने कहा कि उच्च आय वर्ग के लोग बीमार होने पर बड़े शहरों में बड़ी अस्पतालों में जाकर ईलाज करा लेते है। कोरबा में मेडिकल काॅलेज खुल जाने से ईलाज की सुविधा बढ़ेगी और गरीब तथा मीडिल क्लास परिवार भी बीमारी के समय अच्छा ईलाज पा सकेंगे।
इस अवसर पर मध्य क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष श्री पुरूषोत्तम कंवर और एकीकृत आदिवासी विकास परियोजना सलाहकार मण्डल के अध्यक्ष श्री मोहित राम केरकेट्टा ने भी अपने विचार प्रकट करते हुए मेडिकल काॅलेज की शुरूआत पर जिलेवासियों को बधाई और शुभकामनाएं दी।

[contact-form][contact-field label=”Name” type=”name” required=”true” /][contact-field label=”Email” type=”email” required=”true” /][contact-field label=”Website” type=”url” /][contact-field label=”Message” type=”textarea” /][/contact-form]

ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_14_44 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 05_53_50 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_08_26 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_16_13 PM
ChatGPT Image Jul 20, 2026, 06_22_41 PM
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.12.06
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.16.05