गाइडलाइन दरों में बेतहाशा वृद्धि पर कांग्रेस का हमला, तुरंत वापसी की मांग

गाइडलाइन दरों की वापसी पर सरकार तुरंत निर्णय ले: कांग्रेस

रायपुर, 07 दिसंबर 2025।  प्रदेश में जमीन की गाइडलाइन दरों में भारी वृद्धि को लेकर कांग्रेस ने सरकार पर तीखा हमला बोला है। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि सरकार द्वारा गाइडलाइन दरों की बेतहाशा बढ़ोतरी वापस लेने पर अभी तक कोई निर्णय न लेना जनता के साथ अत्याचार है।

file_000000000ae07206b6dd6cb6073112cd
WhatsApp Image 2026-03-12 at 6.47.26 PM (1)
file_000000009a407207b6d77d3c5cd41ab0

उन्होंने कहा कि गाइडलाइन दरें बिना किसी सलाह-मशवरे, सुझाव एवं दावा-आपत्ति की प्रक्रिया के अचानक कई गुना बढ़ा दी गईं, जिसके विरोध में पूरे प्रदेश में आम जनता शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रही है। लेकिन सरकार असहमति को कुचलने के लिए लाठीचार्ज, दमन एवं गिरफ्तारी जैसे कदम उठा रही है, जो लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है।

“क्या जमीन खरीदना इस सरकार में अपराध हो गया?” — सुशील आनंद शुक्ला

कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि सत्ता के नशे में भाजपा नेता जमीन कारोबारियों, किसानों और आम लोगों को अपराधी की तरह पेश कर रहे हैं।
उन्होंने सवाल उठाया—
“अगर कोई व्यक्ति जमीन की खरीदी-बिक्री कर अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहा है, तो क्या यह इस सरकार में अपराध हो गया?”

10 गुना तक बढ़ गया रजिस्ट्री का खर्च

कांग्रेस ने कहा कि सरकार के “तुगलकी फरमान” से कई इलाकों में जमीन की रजिस्ट्री का खर्च 10 गुना तक बढ़ गया है।

66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b
hotal trinetra
gaytri hospital
WhatsApp Image 2026-05-10 at 2.46.41 PM (1)
  • पहले जहाँ 50 हजार की रजिस्ट्री होती थी,
    अब वही 5 लाख से ज्यादा में हो रही है।
  • गरीब और मध्यम वर्ग के लिए जमीन-मकान खरीदना लगभग असंभव हो गया है।
  • किसान यदि छोटा भूखंड खरीदना चाहें तो उन्हें बाजार भाव से कई गुना अधिक स्टांप ड्यूटी और शुल्क देना पड़ रहा है।

उन्होंने यह भी कहा कि पहले ही 5 डिसमिल (2200 वर्ग फुट) से कम जमीन की खरीद पर सरकार प्रतिबंध लगा चुकी है, और अब गाइडलाइन दरें बढ़ाकर आम जनता का मकान-जमीन का सपना तोड़ा जा रहा है।

रजिस्ट्री 90% तक घटी, बढ़ सकता है फ्रॉड

कांग्रेस ने दावा किया कि पूरे प्रदेश में प्रतिदिन होने वाली रजिस्ट्री की संख्या लगभग 90% तक कम हो गई है।
लोग मजबूरी में

  • पावर ऑफ अटॉर्नी,
  • मुख्तारनामां,
  • गिफ्ट डीड
    जैसे विकल्प चुन रहे हैं, जिससे भविष्य में फाइनेंस फ्रॉड और डिफॉल्ट के मामलों में वृद्धि की आशंका है।

अनुचित वृद्धि तुरंत वापस लेने की मांग

कांग्रेस ने स्पष्ट कहा है कि सरकार को गाइडलाइन दरों में की गई अनुचित बढ़ोतरी पर तुरंत पुनर्विचार करना चाहिए और उसे वापस लेना चाहिए, ताकि आम जनता की परेशानी कम हो और भ्रष्टाचार एवं अवैध लेन-देन की स्थितियाँ खत्म हों।