
मनोज रूपड़ा विवाद: कुलपति के व्यवहार पर भूपेश बघेल का हमला, राज्यपाल से कार्रवाई की मांग
लेखक मनोज रूपड़ा से कथित दुर्व्यवहार को लेकर भूपेश बघेल ने गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति पर सवाल उठाए। रायपुर-बिलासपुर में लेखक व बुद्धिजीवियों का विरोध, राज्यपाल से संज्ञान की मांग।
मनोज रूपड़ा से कथित दुर्व्यवहार पर भूपेश बघेल का तीखा हमला, गुरु घासीदास विश्वविद्यालय के कुलपति पर उठे सवाल
रायपुर। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता भूपेश बघेल ने सुप्रसिद्ध लेखक मनोज रूपड़ा के साथ गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति द्वारा किए गए कथित व्यवहार को लेकर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए भूपेश बघेल ने इसे निंदनीय और कुलपति पद की गरिमा के खिलाफ बताया।
भूपेश बघेल ने अपने बयान में कहा कि कुलपति का यह आचरण न केवल शिक्षण संस्थानों की मर्यादा को ठेस पहुंचाने वाला है, बल्कि समाज के लिए भी गलत संदेश देता है। उन्होंने लिखा कि गुरुजनों के व्यवहार से केवल छात्र ही नहीं, बल्कि पूरा समाज सीख लेता है, लेकिन इस घटना ने समाज को शर्मिंदा किया है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने बताया कि इस मुद्दे को लेकर रायपुर, बिलासपुर सहित कई स्थानों पर लेखक और बुद्धिजीवी वर्ग ने विरोध दर्ज कराया है। साहित्यकारों और शिक्षाविदों का कहना है कि किसी भी विश्वविद्यालय में विचारों और रचनात्मक अभिव्यक्ति का सम्मान किया जाना चाहिए, न कि अपमान।
भूपेश बघेल ने उम्मीद जताई कि इस मामले में कुलाधिपति यानी राज्यपाल संज्ञान लेंगे और उचित कार्रवाई करेंगे। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि विश्वविद्यालय के केंद्रीय विश्वविद्यालय होने की आड़ लेकर जिम्मेदारी से बचना स्वीकार्य नहीं होगा।
यह मामला सामने आने के बाद शिक्षा जगत और साहित्यिक समाज में चर्चा तेज हो गई है। कई बुद्धिजीवियों ने इसे अकादमिक स्वतंत्रता और सम्मान से जोड़ते हुए गंभीर मुद्दा बताया है। वहीं, अब सभी की निगाहें राज्यपाल और संबंधित उच्च अधिकारियों की प्रतिक्रिया पर टिकी हुई हैं।











