छत्तीसगढ़ताजा ख़बरेंदेशब्रेकिंग न्यूज़राजनीतिराज्यरायपुर
Trending

Dhamtari News: धान से आगे बढ़े किसान, दलहन-तिलहन और रागी की खेती से बदले हालात

धमतरी जिले में किसान फसलचक्र परिवर्तन अपनाकर दलहन, तिलहन और रागी की खेती कर रहे हैं, जिससे आय, पोषण सुरक्षा और जल संरक्षण को बढ़ावा मिल रहा है।

धान से आगे बढ़े धमतरी के किसान, दलहन-तिलहन और रागी की खेती से बढ़ी आय की उम्मीद

धमतरी, 10 फरवरी 2026/धमतरी जिले में कृषि क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव के संकेत स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगे हैं। पारंपरिक धान की खेती के साथ-साथ अब किसान फसलचक्र परिवर्तन को अपनाते हुए दलहन, तिलहन एवं मोटे अनाजों की ओर तेजी से अग्रसर हो रहे हैं। सरसों, चना, मक्का के साथ-साथ रागी (मंडुआ) की खेती में भी निरंतर वृद्धि दर्ज की जा रही है।

WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.27.06 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 8.56.40 PM (1)
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.09.46 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.06.54 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.17.22 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.12.09 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.19.42 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.04.25 PM
WhatsApp Image 2026-01-25 at 9.31.09 PM
WhatsApp-Image-2026-01-04-at-3.52.07-PM-1-207x300 (1)
53037c58-1c56-477e-9d46-e1b17e179e86

यह बदलाव न केवल किसानों की आय बढ़ाने में सहायक सिद्ध हो रहा है, बल्कि भूमि की उर्वरता बनाए रखने और जल संरक्षण की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

18,450 हेक्टेयर में दलहन की खेती

जिले में वर्तमान रबी मौसम के दौरान चना, अरहर एवं मसूर की खेती लगभग 18,450 हेक्टेयर क्षेत्र में की जा रही है।

  • चना – 14,200 हेक्टेयर
  • अरहर – 2,150 हेक्टेयर
  • मसूर – 2,100 हेक्टेयर

9,600 हेक्टेयर में तिलहन फसल

तिलहन फसलों में सरसों प्रमुख फसल के रूप में उभर रही है। जिले में तिलहन फसलें लगभग 9,600 हेक्टेयर में ली जा रही हैं, जिसमें

  • सरसों – 8,300 हेक्टेयर
  • अन्य तिलहन – 1,300 हेक्टेयर

1,250 हेक्टेयर में रागी की खेती

मोटे अनाजों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जिले में रागी (मंडुआ) की खेती को प्रोत्साहित किया जा रहा है। वर्तमान में रागी फसल लगभग 1,250 हेक्टेयर क्षेत्र में ली जा रही है, जिसमें करीब 1,180 किसान रागी उत्पादन कर रहे हैं।

mantr
66071dc5-2d9e-4236-bea3-b3073018714b

रागी कम लागत, कम पानी और अधिक पोषण देने वाली फसल है, जिससे छोटे एवं सीमांत किसानों को विशेष लाभ मिल रहा है।

महिला कृषकों की सक्रिय भागीदारी

मगरलोड विकासखंड के ग्राम पंडरीपानी (म), भटगांव, सिरकट्टा सहित कई गांवों में रागी की रोपाई का कार्य प्रगति पर है, जहां महिला कृषकों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिल रही है। स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाएं खेतों में मेहनत कर आत्मनिर्भरता की मिसाल पेश कर रही हैं।

कलेक्टर का बयान

कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने कहा—

“धमतरी जिले में फसलचक्र परिवर्तन को प्रोत्साहित करना प्रशासन की प्राथमिकता है। दलहन, तिलहन एवं रागी जैसी फसलों से किसानों की आय बढ़ेगी, पोषण सुरक्षा मिलेगी और प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण होगा। महिला किसानों की भागीदारी अत्यंत सराहनीय है।”

कृषि विभाग कर रहा तकनीकी सहयोग

जिला प्रशासन एवं कृषि विभाग द्वारा किसानों को तकनीकी मार्गदर्शन, गुणवत्तापूर्ण बीज उपलब्धता एवं सरकारी योजनाओं का लाभ देकर वैकल्पिक फसलों की ओर प्रोत्साहित किया जा रहा है। आगामी वर्षों में धमतरी जिले को दलहन-तिलहन एवं मोटे अनाज उत्पादन का सशक्त केंद्र बनाने के लिए निरंतर प्रयास जारी रहेंगे।

Ashish Sinha

e6e82d19-dc48-4c76-bed1-b869be56b2ea (2)
WhatsApp Image 2026-01-04 at 4.02.37 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.36.04 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.39.12 PM
WhatsApp Image 2026-01-04 at 3.44.45 PM (1)

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!