
Ambikapur : बच्चों के अधिकारों के संरक्षण, पोषण एवं विकास हेतु सक्षम वातावरण बनाना हम सभी का दायित्व है : दशोदी सिंह………
बच्चों के अधिकारों के संरक्षण, पोषण एवं विकास हेतु सक्षम वातावरण बनाना हम सभी का दायित्व है : दशोदी सिंह………

पी0एस0यादव/ब्यूरो चीफ/सरगुजा// भाटापारा / यूनिसेफ छत्तीसगढ़, छत्तीसगढ़ बाल अधिकार वेधशाला, मानव संसाधन संस्कृति विकास परिषद एवं चिराग सोशल वेलफेयर सोसायटी भाटापारा के संयुक्त तत्वावधान् में विश्व बाल दिवस 2023 पखवाड़ा के उपलक्ष्य में प्राथमिक शाला बिजराडीह बलौदाबाजार में परियोजना निदेशक मंगल पाण्डेय के मार्गदर्शन में कार्यक्रम आयोजित किया गया। चिराग सोशल वेलफेयर सोसायटी द्वारा संचालित लक्ष्यगत हस्तक्षेप परियोजना के परियोजना प्रबंधक दशोदी सिंह द्वारा विश्व बाल दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम के उद्देश्यों को बच्चों को बताते हुए कहा गया कि बच्चों के अधिकारों के संरक्षण, पोषण एवं विकास हेतु सक्षम वातावरण बनाना हम सभी का दायित्व है। इसलिए पुरे विश्व में बच्चों के अधिकारों, शिक्षा, पोषण और कल्याण के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए यूनिसेफ एवं स्वैच्छिक संगठनों के द्वारा प्रयास किया जा रहा है।
पूरा देश सामूहिक रूप से हर दृष्टिकोण से बच्चों के विकास पर ध्यान केंद्रित करता है। वे हर संभव प्रयास भी करते हैं जो बच्चों के जीवन को बदल सके और उनके भविष्य को उज्ज्वल बना सके। चिराग सोशल वेलफेयर सोसायटी द्वारा संचालित लक्ष्यगत हस्तक्षेप परियोजना भाटापारा के परामर्शदाता सुलोचना देवांगन एवं कविता विजय साहू द्वारा गो ब्लू, ,बाल सभा ,किड्स टेक ओवर , खेलकूद एवं सांस्कृतिक गतिविधियों का फैसलीटेशन किया गया। किड्स टेक ओवर कार्यक्रम मे प्रधान पाठक की भूमिका लक्की डहरिया, एवं मोहनी ने किया। लक्की डहरिया द्वारा बताया गया की स्कूल का शौचालय जर्ज़र होने के कारण उपयोगी नहीं है। लड़की एवं लड़कों के लिए अलग-अलग शौचालय होना चाहिए।
स्कूल का बाउंड्री वॉल होना चाहिए। स्कूल का छुट्टी होने के बाद ग्रामीणों द्वारा कैंपस में ताश पत्ती खेला जाता है यह काम स्कूल कैंपस में नहीं होना चाहिए। बच्चों ने सभी गतिविधियों में उत्साह पूर्वक सहभागिता किया। बच्चों के द्वारा पुनः आने का आग्रह किया गया। प्रधान पाठक जीत राम वर्मा जी के द्वारा उनके विद्यालय में विश्व बाल दिवस के उपलक्ष्य में कार्यक्रम आयोजित करने हेतु चिराग सोशल वेलफेयर सोसायटी के सदस्यों को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए आभार व्यक्त किया गया।कार्यक्रम को सफल बनाने में प्राथमिक शाला बिजराडीह के सहायक शिक्षिका राजकुमारी साहू एवं मीना बंजारे का सराहनीय योगदान रहा।











