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डिफेंस कॉरिडोर भूमि घोटाला: निलंबित IAS अभिषेक प्रकाश की बढ़ीं मुश्किलें, करोड़ों की गड़बड़ी में जांच तेज

डिफेंस कॉरिडोर भूमि घोटाला: निलंबित IAS अभिषेक प्रकाश की बढ़ीं मुश्किलें, करोड़ों की गड़बड़ी में जांच तेज

लखनऊ: उत्तर प्रदेश के महत्वाकांक्षी डिफेंस कॉरिडोर परियोजना से जुड़ा भूमि अधिग्रहण घोटाला एक बार फिर सुर्खियों में आ गया है। इस मामले में निलंबित IAS अधिकारी अभिषेक प्रकाश की मुश्किलें बढ़ गई हैं। घोटाले में करोड़ों रुपये के गड़बड़ी की बात सामने आई है, जिससे सरकारी तंत्र में हड़कंप मच गया है।

डिफेंस कॉरिडोर परियोजना के तहत लखनऊ के भटगांव क्षेत्र में भूमि अधिग्रहण किया गया था। जांच में सामने आया कि इस अधिग्रहण में बड़े पैमाने पर अनियमितताएं हुईं। किसानों से सस्ते दामों पर जमीन खरीदकर उसे ऊंची कीमत पर बेचा गया। यही नहीं, जो जमीन गैर-क्रय योग्य थी, उसे भी पहले संक्रमणीय कराया गया और फिर बेचा गया।

मामले में अभिषेक प्रकाश पर आरोप है कि जब वे लखनऊ के जिलाधिकारी थे, तब इस अधिग्रहण में गड़बड़ियां हुईं। उनके कार्यकाल के दौरान ही इस भूमि घोटाले को अंजाम दिया गया। बताया जा रहा है कि इस पूरे मामले में कई अन्य अधिकारी भी संलिप्त हैं, जिनकी भूमिका की भी जांच चल रही है।

जांच रिपोर्ट के अनुसार, जिन जमीनों का अधिग्रहण किया गया, वे मूल रूप से पट्टे की असंक्रमणीय श्रेणी में आती थीं, जिन्हें बेचा नहीं जा सकता था। लेकिन अधिकारियों की मिलीभगत से इन जमीनों को पहले संक्रमणीय श्रेणी में डलवाया गया और फिर उन्हें ऊंचे दामों पर बेचा गया। इस पूरे खेल में कई भू-माफियाओं की भी संलिप्तता उजागर हुई है।

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घोटाले की जांच राजस्व परिषद के तत्कालीन अध्यक्ष डॉ. रजनीश दुबे की अगुवाई में की गई थी। उनकी रिपोर्ट में यह स्पष्ट हुआ कि सरकारी नियमों को दरकिनार कर बड़े पैमाने पर भूमि घोटाला किया गया। यह रिपोर्ट अगस्त 2024 में तैयार हो चुकी थी, लेकिन अब तक इस पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई थी।

अब इस मामले में सरकार गंभीर हो गई है और निलंबित IAS अभिषेक प्रकाश समेत अन्य अधिकारियों पर कार्रवाई की तैयारी कर रही है। सूत्रों के मुताबिक, जल्द ही इन पर कानूनी शिकंजा कस सकता है। मामले में वसूली और कानूनी कार्रवाई के अलावा कुछ अधिकारियों पर मुकदमा भी दर्ज किया जा सकता है।

उत्तर प्रदेश सरकार भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस नीति अपना रही है। डिफेंस कॉरिडोर जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं में घोटाले होने से सरकार की छवि धूमिल हुई है। इस मामले में जांच एजेंसियां तेजी से कार्रवाई कर रही हैं और दोषियों को जल्द से जल्द कानून के दायरे में लाने की तैयारी कर रही हैं।

डिफेंस कॉरिडोर भूमि घोटाले में IAS अभिषेक प्रकाश की मुश्किलें बढ़ गई हैं। मामला अब शासन के उच्च स्तर तक पहुंच चुका है और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की तैयारी हो रही है। यदि जांच में गड़बड़ियों की पुष्टि होती है, तो यह मामला उत्तर प्रदेश प्रशासनिक तंत्र में अब तक के सबसे बड़े घोटालों में से एक साबित हो सकता है।

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